पंचायतीराज मंत्री अनिरुद्ध सिंह की घोषणा पर राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल का बड़ा बयान सामने आया है। शनिवार को राज्यपाल ने कहा कि चुनाव लड़ने के अधिकार से वंचित रखना कानूनी मामला है। अगर सरकार यह फैसला लेती है तो यह अदालत का विषय बन जाएगा। पंचायती राज मंत्री ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर एलान किया था कि प्रदेश में चिट्टे की तस्करी में संलिप्त लोग पंचायत चुनाव नहीं लड़ सकेंगे। कैबिनेट बैठक में इस संबंध में प्रस्ताव लाया जाएगा। राज्यपाल ने कहा कि सरकार अगर ऐसा निर्णय लेती है तो यह बहुत स्वीकार्य नहीं होगा। राज्यपाल ने कहा कि राजभवन में हमने पंचायत प्रतिनिधियों से आह्वान किया था कि आप अपने स्तर पर नशों के खिलाफ कार्य करें। उस समय पंचायत प्रतिनिधियों ने भी कहा कि नशों में संलिप्त लोगों को पंचायत की सुविधाओं से वंचित कर देंगे, मैंने उस समय भी कहा कि यह गलत होगा। यह आप नहीं कर सकते। अब अगर सरकार भी ऐसा फैसला लेती है तो यह सही नहीं होगा। किसी को बंधक नहीं बनाया जा सकता, सभी स्वतंत्र है।