प्रदेश सचिवालय कर्मचारी संघ ने मुख्य सचिव श्रीकांत बाल्दी को 34 सूत्रीय मांग पत्र सौंपा। सचिवालय में अनुबंध पर लगे कर्मियों को तीन साल के स्थान पर दो साल में स्थायी करने की मांग को प्रमुखता से उठाया गया। कर्मचारियों से मसले सुलझाने के लिए अफसरों की शीघ्र बैठक बुलाई जाए। संघ के अध्यक्ष संजीव शर्मा ने कहा कि मुख्य सचिव से मांग की है कि सभी विभागों के प्रशासनिक अधिकारियों की अहम बैठक तुरंत बुलाई जाए। संघ की नई कार्यकारिणी के साथ अधिकारियों की अभी तक एक भी बैठक नहीं बुलाई गई।
इस कारण से सचिवालय कर्मचारियों के दर्जनों मसले लंबित पड़े हैं। पुरानी पेंशन योजना को बहाल करने को सरकार पर दबाव बनाया जा रहा है। वरिष्ठ सहायक पदोन्नति के लिए दस साल के बदले सात साल की सेवा अवधि शर्त रखने की मांग भी की जा रही है। सचिवालय में सभी वर्ग के अनुबंध कर्मचारियों को अन्य स्थायी कर्मचारियों की तर्ज पर चिकित्सा भत्ता प्रदान करने की मांग भी प्रमुखता से की जा रही है।
अध्यक्ष ने कहा कि सचिवालय कर्मचारियों के लिए एलटीसी देने की मांग भी उठाई जा रही है। केयर टेकर, सुरक्षा गार्ड, दफतरी आदि की वेतन विसंगति दूर करने की मांग भी उठाई है। इनका सचिवालय वेतन बढ़ाने और राजधानी भत्ता देने की मांग भी की है।
कनिष्ठ सहायकों के पद पर एक मुश्त छूट देकर प्लेसमेंट करने, राज्यपाल सचिवालय में एक पद अनुभाग अधिकारी का सृजित करने, राज्य लोकसेवा आयोग में एक पद संयुक्त सचिव का सृजित करने और कनिष्ठ कार्यालय सहायक (आईटी) के लिए सचिवालय वेतन देने, लोकायुक्त कार्यालय के लिए विभिन्न पदों के भर्ती एवं पदोन्नति नियम बनने, संपदा कार्यालय के कर्मचारियों को सचिवालय वेतन देने की मांग भी उठाई।
प्रतिनिमंडल में संघ के महासचिव कमल कृष्ण शर्मा, उपप्रधान रमन शर्मा, संयुक्त सचिव प्रेम धर्मा, कोषाध्यक्ष सुरेंद्र मोहन और कार्यकारिणी सदस्य चुन्नी लाल, महेंद्र कुमार, संजय कुमार, विनोद कुमार, गोपाल शर्मा, सोमा शर्मा भी मौजूद रहे।