सरकार ने हिमाचल में बसें चलाने की तैयारी कर ली है। एचआरटीसी कर्मचारियों, चालक-परिचालकों के लिए 50 हजार मास्क की व्यवस्था की है। इसमें एचआरटीसी ने स्वयं अब तक 16 हजार मास्क बना दिए हैं। यह जानकारी परिवहन मंत्री गोविंद ने दी। उन्होंने कहा कि सरकार बस अड्डों पर सैनिटाइजेशन की व्यवस्था की जा रही है। एचआरटीसी व निजी बसें चलाने से पहले चालकों व परिचालकों की सुरक्षा को लेकर भी सरकार कई निर्णय ले रही है। बस सेवा शुरू करने पर आगे वाले दरवाजे से चालक व परिचालक ही चढ़ेंगे।
यात्री पीछे के दरवाजे से ही चढ़ेंगे और उतरेंगे। कोरोना संकट में अब तक एचआरटीसी को 130 करोड़ का नुकसान हो चुका है। हर महीने 75 करोड़ का नुकसान हो रहा है। परिवहन मंत्री गोविंद ठाकुर ने कहा कि केंद्र सरकार के दिशा-निर्देशों के बाद सरकार बसें चलाने पर फैसला लेगी। बस किराया बढ़ाने को लेकर उन्होंने कहा कि अफसरों और निजी ऑपरेटरों की ओर से सुझाव आए है। अभी इस पर निर्णय नहीं हुआ है। फैसला कैबिनेट को लेना होता है। सुझाव और चर्चा होती रहती है।