वहीं, अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की खंड इकाई नगरोटा सूरियां व डिग्री कॉलेज के छात्र-छात्राओं ने शहीदों को श्रद्धांजलि दी। इस दौरान विद्यार्थियों ने पाकिस्तान मुर्दाबाद के नारे लगाए। पुलवामा में सीआरपीएफ जवानों पर हुए आतंकी हमले की चारों ओर निंदा की जा रही है।
उपायुक्त कुल्लू यूनुस ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में आतंकी हमले में शहीद हुए सीआरपीएफ के जवानों के सम्मान में जिले में सरकारी समारोहों में एक सप्ताह तक किसी प्रकार के सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन नहीं किया जाएगा। इस बारे में सभी कार्यालय अध्यक्षों को आदेश जारी कर दिए गए हैं।
जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में आतंकियों के सीआरपी जवानों पर किए हमले की एसएफआई की शिमला शहरी इकाई ने कड़ी निंदा की है। इस हमले में शहीद हुए भारतीय जवानों को श्रद्धांजलि देने के लिए कोटशेरा, संजौली कॉलेज और आरकेएमवी में कार्यक्रम रखे गए थे।
छात्र नेताओं ने कहा कि इस दुख की घड़ी में पूरा देश शहीदों के परिवारों के साथ है। एसएफआई ने केंद्र सरकार से इस आत्मघाती हमले का कड़ा जवाब देने और देश तथा जम्मू-कश्मीर में सक्रिय आतंकवादी संगठनों को पनाह देने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
शिमला शहरी अध्यक्ष आकाश पालसरा और सचिव अनिल ठाकुर ने बताया कि देश के हर युवा में इस आतंकी घटना को लेकर आक्रोश है। युवा अब आतंकियों को उन्हीं की जुबान में जवाब देने की मांग करता है। सरकार से मांग की कि जवानों के खिलाफ हो रही इस तरह की आतंकी साजिशों के खिलाफ कड़े कदम उठाए।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने पुलवामा आतंकी हमले में 40 जवानों के शहीद होने की घटना के विरोध में शुक्रवार को उपायुक्त कार्यालय के बाहर धरना प्रदर्शन किया। इस हमले में शहीद हुए जवानों को श्रद्धांजलि देकर उनकी शहादत को याद किया।
कार्यकर्ताओं ने आक्रोश में आतंकवाद को लगातार संरक्षण देने वाले पड़ोसी देश के झंडे को जलाकर अपना विरोध जताया। कार्यकर्ताओं ने शहीदों के अमर रहने के नारे लगाए और आतंकवाद को समाप्त करने करने के लिए कड़ी कार्रवाई की मांग की।
एबीवीपी की राष्ट्रीय मंत्री हेमा ठाकुर ने कहा कि भारतीय सेना के ऊपर हुआ यह कोई पहला हमला नहीं, पहले भी पठानकोट और उरी में ऐसे हमले हो चुके हैं। केंद्र सरकार ने पहले भी सर्जिकल स्ट्राइक कर उरी हमले का जवाब पाकिस्तान को दिया था।
उन्होंने केंद्र सरकार से मांग की है कि इस घटना के बाद पाकिस्तान से बात करने का कोई मतलब नहीं है। इस घटना का जवाब तुरंत देकर शहीदों से बदला लें। शहीदों को सच्ची श्रद्धांजलि के लिए सेना को पूरी छूट दी जाए।
जैस ए मोहम्मद जैसे आतंकी संगठनों और उनके ठिकानों का सफाया किया जाए। हेमा ने कहा कि देश की एकता और अखंडता को तोड़ने के लिए आंतरिक तौर से आतंकवादी संगठन देश में पूरी तरह से सक्रिय हैं।
उन्होंने केंद्र सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जल्द से जल्द इस घटना पर कार्रवाई नहीं की तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा। जिला संयोजक विक्रांत सहित शहर के कॉलेजों और विवि के कार्यकर्ताओं ने इस प्रदर्शन में भाग लिया।
आरएसएस इकाई मुस्लिम राष्ट्रीय मंच के राज्य सह संयोजक एवं भाजपा नेता मुनीर अख्तर लाली के नेतृत्व में जिला मुख्यालय में हमले में शहीद जवानों को मोमबत्तियां जलाकर श्रद्धांजलि दी। साथ ही उन्होंने पाकिस्तान मुर्दाबाद के नारे भी लगाए।
उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के इस हमले से मुस्लिम वर्ग शांत नहीं बैठेगा। उन्होंने प्रधानमंत्री से मांग उठाई है कि जिस तरह उड़ी हमले के समय भारतीय सेना ने सर्जिकल स्ट्राइक की गई थी, वैसे ही अब इस हमले को जवाब देने को भी कोई विशेष कार्ययोजना तैयार की जाए।
इस मौके पर मोहम्मद असलम हुसैन, हमीद खान, सागर ,खान, सराज अख्तर, अनीम, सनीम, नाजिश अख्तर, दानिश, मिर्जा समीर, राहिल, साहिल खान, आकिब हुसैन, इमरान खान और अन्य मौजूद रहे।
देश के नौजवानों पर पुलवामा में वीरवार को कायरता से किए गए हमले के विरोध में शुक्रवार को चिंतपूर्णी में मुख्य पुलिस बैरियर पर स्थानीय लोगों व युवाओं ने पकिस्तान मुर्दाबाद के नारे लगाए गए। साथ ही पाकिस्तान का पुतला फूंक कर स्थानीय लोगों ने अपना गुस्सा प्रकट किया।
भारत सरकार से इस आतंकवादी हमले को लेकर कड़ी कार्रवाई करने की अपील की है। स्थानीय लोगों में विकास लाल ठाकुर, राहुल शर्मा, राजीव, जीवू, संजीव ठाकुर, रामपाल शर्मा, सुभाष शर्मा, ओम दत्त, अश्वनी, संदीप, महेश, चयन, कर्मा चंद, अनमोल कालिया, विशाल, जोगिंद्र सिंह, राजू, बिल्ला ने इस हमले की कड़ी निंदा की है और शहीद परिवारों के प्रति संवेदना प्रकट की है।
विकास लाल ठाकुर और अनमोल कालिया ने कहा कि भारत सरकार को इस आतंकवादी हमले का जोरदार जवाब देना चाहिए। पूरा देश शहीद परिवारों के साथ खड़ा है। पाकिस्तान कभी भी अपने मंसूबों में कामयाब नहीं होगा। उधर, स्टेट बैंक चिंतपूर्णी की शाखा में भी इस हमले को लेकर दो मिनट का मौन रखा गया।
बैंक प्रबंधक अमित श्रीवास्तव, उपप्रबंधक अंजन केशव, अजित कुमार, निधि शर्मा, बलवीर, विजय, शाम लाल सहित सभी बैंक कर्मचारियों ने बैंक के अंदर दो मिनट का मौन रखकर शहीद हुए जवानों के परिवारों के प्रति संवेदना प्रकट की व इस हमले की कड़ी निंदा की है।
वहीं ऊना के एमसी पार्क में शहीदी स्मारक पर पूर्व सैनिकों ने भी आतंकी हमले के खिलाफ रोष व्यक्त किया। लतपुर चौक कॉलेज में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद इकाई ने पुलवामा में आतंकी हमले में शहीद हुए सैनिकों की शहादत को नमन किया और आतंकी हमले के खिलाफ रैली निकाली।