स्कूल शिक्षा निदेशक आशीष कोहली ने बताया कि नई कलर स्कीम के तहत स्कूल भवनों के मुख्य हिस्सों में ऑलिव ग्रीन और सैंड बेज रंग का उपयोग किया जाएगा। इसके साथ क्रीम, लाइट ग्रे और चारकोल ग्रे को पूरक रंगों के रूप में शामिल किया गया है। यह रंग योजना भवन के अग्रभाग, खिड़कियों, दरवाजों, ग्रिल, रेलिंग और अन्य बाहरी हिस्सों पर समान रूप से लागू होगी। यह व्यवस्था नए निर्माण कार्यों के साथ-साथ मरम्मत, जीर्णोद्धार और पुनर्पेंटिंग के दौरान भी अनिवार्य रूप से अपनानी होगी। स्कूल परिसरों की सुरक्षा और एकरूपता सुनिश्चित करने के लिए चारदीवारी और मुख्य गेट का भी मानक डिजाइन तय किया गया है। इसके तहत चार फीट ऊंची कंक्रीट दीवार और उसके ऊपर नौ फीट ऊंची मेश वायर फेंसिंग लगाई जाएगी। विभाग का कहना है कि इससे स्कूल परिसरों की सुरक्षा मजबूत होगी और सभी संस्थानों का स्वरूप भी एक जैसा दिखाई देगा।
मनमाने बदलाव पर रोक
शिक्षा निदेशालय ने स्पष्ट किया है कि निर्धारित रंग योजना या डिजाइन में स्कूल स्तर पर कोई बदलाव नहीं किया जा सकेगा। यदि किसी स्कूल की भौगोलिक या विशेष परिस्थितियों के कारण संशोधन आवश्यक हो, तो इसके लिए सक्षम प्राधिकारी से पूर्व अनुमति लेना अनिवार्य होगा। लोक निर्माण विभाग सहित सभी निर्माण एजेंसियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे भविष्य में तैयार होने वाले सभी ड्राइंग, डिजाइन और प्राक्कलनों में इन्हीं मानकों को शामिल करें।