फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

भितरघातियों की शिकायतों पर भाजपा मौन, प्रत्याशियों में बढ़ा संशय

Thu, 23 Nov 2017 04:39 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
विज्ञापन
विज्ञापन
विधानसभा चुनावों के दौरान भितरघात की शिकायतों पर भाजपा मौन है, जबकि कांग्रेस में धड़ल्ले से कार्रवाई हो रही है। भाजपा के कई प्रत्याशियों ने प्रदेश नेतृत्व से पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल कार्यकर्ताओं को बाहर निकालने की मांग उठाई, लेकिन उन्हें शांत रहने को कहा जा रहा है।
विज्ञापन


प्रदेश नेतृत्व का दावा है कि अनुशासन समिति ऐसे मामलों को सुनेगी, लेकिन अभी तक समिति की बैठक तक नहीं हुई। यही नहीं मंडल स्तर पर कार्रवाई पर भी विराम लगा दिया है। भितरघातियों के खिलाफ पार्टी की इस रणनीति से कई प्रत्याशी संशय में हैं।

पार्टी के उच्च पदस्थ सूत्रों की माने तो विधानसभा स्तर पर कार्रवाई हुई तो कई बड़े चेहरों तक भी उसकी आंच पहुंच सकती है। ऐसे में चुनाव परिणाम से पहले पार्टी किसी नए विवाद से बचती दिख रही है। 
विज्ञापन


भाजपा में पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल रहने वाले कार्यकर्ताओं के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की परंपरा रही है, लेकिन इस बार इसमें बदलाव दिख रहा है।

मतदान से पहले पार्टी प्रत्याशी के खिलाफ निर्दलीय उतरे बागियों पर भी आखिरी समय में कार्रवाई की गई। मतदान के बाद कई सीटों पर प्रत्याशियों ने भितरघात की शिकायत की।
विज्ञापन

सांसद विरेंद्र कश्यप - फोटो : File Photo
सरकाघाट, कुटलैहड, जोगिंद्रनगर, गगरेट, बल्ह, मंडी सदर आदि मंडलों में भितरघातियों को बाहर करने के सुर उठे हैं। इसके बाद नाहन से पार्टी प्रत्याशी और पूर्व मंत्री राजीव बिंदल ने प्रदेश अध्यक्ष को पत्र लिखकर एक कार्यकर्ताओं को निष्कासित करने का मुद्दा उठाया।

पार्टी के वरिष्ठ नेताओं की हमीरपुर बैठक में भी भितरघात का मुद्दा उठा। सूत्रों की माने तो कार्रवाई की शुरूआत होते ही पार्टी में अंदरूनी खींचतान सामने आ सकती है। आरोप प्रत्यारोप की राजनीति में कुछ बड़े नाम पर भी उंगली उठने की आशंका जताई जा रही है।

चुनाव परिणाम से पहले इस स्थिति से बचने के लिए नेतृत्व फिलहाल मामले को टालने की कोशिश में है।

प्रदेश अध्यक्ष सतपाल सत्ती ने पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल रहे कार्यकर्ताओं के खिलाफ अनुशासन समिति में सुनवाई के आदेश दिए हैं।

सांसद विरेंद्र कश्यप की अध्यक्षता वाली अनुशासन समिति की हाल फिलहाल में कोई बैठक तय नहीं है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें