प्रदेश उच्च न्यायालय ने पोस्ट कोड 970 जूनियर इंजीनियर सिविल भर्ती परीक्षा पेपर लीक मामले में नामजद तीन आरोपियों की जमानत पर सोमवार को सुनवाई करने के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया है। इसी तरह पेपर लीक मामले की मुख्य आरोपी उमा आजाद के बड़े बेटे नितिन आजाद की जमानत अर्जी पर भी सुनवाई के बाद अग्रिम जमानत का फैसला सुरक्षित रखा गया है। मामले में एसआईटी ने 17 जून 2023 को विजिलेंस थाना हमीरपुर में पूर्व सचिव डॉ जितेंद्र कंवर, अभ्यर्थी मुकेश कुमार, बर्खास्त ट्रैफिक इंस्पेक्टर रवि कुमार और रणजीत सिंह के खिलाफ मामला दर्ज किया था। डॉ. जितेंद्र कंवर अन्य मामले में पहले पुलिस और बाद में न्यायिक हिरासत में रह चुके हैं। ट्रैफिक इंस्पेक्टर भर्ती परीक्षा पेपर लीक मामले में आरोपी रवि कुमार को भी पुलिस और न्यायिक हिरासत में रहने के बाद परिवहन विभाग ने उन्हें बर्खास्त कर दिया था।
जेई सिविल भर्ती परीक्षा मामले में भी संलिप्तता पाए जाने पर एसआईटी ने रवि कुमार समेत चार लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया था। इधर, भर्ती परीक्षा पेपर लीक मामले में एक-एक करके करीब 13 विभिन्न एफआईआर दर्ज करने वाली एसआईटी की जांच पड़ताल अब धीमी पड़ती नजर आ रही है। शुरू में एसआईटी ने मामला दर्ज होने के तुरंत बाद करीब दो दर्जन आरोपियों को सलाखों के पीछे धकेला था। लेकिन अब 17 जून 2023 के बाद दर्ज पांच विभिन्न एफआईआर में अभी तक कोई भी आरोपी गिरफ्तार नहीं हो पाया है। 23 दिसंबर 2022 को बहुचर्चित पेपर लीक मामले का खुलासा करने वाले विजिलेंस निरीक्षक रोहित कुमार का भी हमीरपुर से चंबा तबादला किया जा चुका है। वहीं, विजिलेंस के अधिकारियों पर भी अब पेपर लीक मामले में मीडिया में बोलने पर रोक लगा दी गई है।