प्रदेश सरकार चंबा, नाहन और हमीरपुर में खुलने वाले तीन मेडिकल कॉलेजों को सेल्फ फाइनेंस के माध्यम से चलाएगी। इनमें इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज और टांडा मेडिकल कॉलेज की अपेक्षा मेडिकल शिक्षा दो से तीन गुना महंगी होगी। कौल सिंह ठाकुर ने कहा कि हिमाचली छात्रों से पहले चरण में 3-3 लाख प्रवेश शुल्क लिया जाएगा।
यह आईजीएमसी और टीएमसी में निर्धारित फीस से तीन गुना होगी। तीनों मेडिकल कॉलेजों में 15-15 सीटें एनआरआई के लिए होंगी। सालाना फीस 15 लाख प्रति छात्र होगी। कहा कि जब तक सरकार इन मेडिकल कॉलेजों के लिए भवन का निर्माण नहीं कर लेती, तब तक ये कॉलेज निजी भवनों में ही चलेंगे। उन्होंने दावा किया है कि सरकार ने मेडिकल कॉलेज के लिए जमीन का चयन किया है।