जनजातीय दर्जा हासिल करने के लिए 49 सालों से जंग लड़ रहे टौंस और गिरि नदियों से घिरे गिरिपार की 127 पंचायतों के लोगों की उम्मीदों को नए पंख लग गए हैं। ये पंख प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तक मामला पहुंचने और उनसे सकारात्मक भरोसा मिलने से लगे हैं। दशकों से चल रहा ये संघर्ष लोगों को अब अंजाम तक पहुंचता दिखने लगा है। केंद्रीय हाटी समिति के अध्यक्ष प्रताप सिंह तोमर का कहना है कि प्रधानमंत्री, गृह मंत्री, स्वास्थ्य मंत्री, जनजातीय कार्यमंत्री से हाटी समाज के प्रतिनिधिमंडल की मुलाकात के सकारात्मक परिणाम आने की उम्मीद है।
प्रदेश सरकार ने पहले ही संस्तुति केंद्र को भेज दी है। अब गिरिपार को एसटी दर्जा मिलना चाहिए। उन्होंने ‘अमर उजाला’ के अभियान की भी सराहना की। कहा कि मीडिया समाज का आईना होता है। इस मुद्दे पर जो पहल हुई, वह वाकई प्रशंसनीय है। महामंत्री कुंदन शास्त्री का कहना है कि पीएम से मुलाकात बहुत अच्छी रही है। मामला दिल्ली तक पहुंच गया है। संघर्ष अब अंजाम तक जरूर पहुंचेगा। शास्त्री ने कहा कि ‘अमर उजाला’ ने भी इस आंदोलन को बल दिया है।
गिरिपार के मसले पर हुई ग्राउंड रिपोर्टिंग तथ्यों पर आधारित थी, जो सराहनीय है। समिति के कोषाध्यक्ष सुरेंद्र हिंदुस्तानी ने कहा कि सांसद वीरेंद्र कश्यप ने इस मुद्दे को अपनी प्राथमिकता में शामिल किया है, जिसके लिए वे उनके आभारी हैं। शिलाई कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. टीआर ठाकुर ने कहा कि राज्य सरकार की ओर से की गई संस्तुति के बाद अब केंद्र से भी सकारात्मक संकेत मिले हैं। कमेटी ने सीधा प्रधानमंत्री और अन्य केंद्रीय मंत्रियों से मिलकर इस मुद्दे को प्रभावी ढंग से उठाया है।
युवा संघर्ष समिति शिलाई के प्रधान देवेंद्र सिंह तोमर कहते हैं कि उन्हें उम्मीद ही नहीं पूरा विश्वास है कि अब गिरिपार की जनता के दिन बहुरेंगे। एसटी का दर्जा मिलकर रहेगा। शिलाई के पूर्व प्रधान प्रताप लाल सिंह शर्मा इंद्रदेव नेगी, पांवटा हाटी समिति के प्रधान ओपी चौहान, महासचिव रामलाल शर्मा, राजगढ़ हाटी समिति के अध्यक्ष जय प्रकाश, मुख्य सलाहकार चंद्रमोहन, महासचिव विजय भारद्वाज, बीडीसी अध्यक्ष प्रताप ठाकुर ने कहा कि अब मामला केंद्र तक पहुंचा है।
लिहाजा, अब उम्मीद बंध गई है। राजनीति से ऊपर उठकर सभी दल इस मुद्दे को प्रभावी ढंग से उठाएंगे तो एसटी दर्जा हासिल करने से कोई नहीं रोक सकता। तमाम लोगों ने इस संघर्ष में नई जान फूंकने के लिए ‘अमर उजाला’ का शुक्रिया भी किया। कहा कि अमर उजाला की ग्राउंड रिपोर्टिंग तथ्यों पर आधारित थी और इससे इस मुद्दे पर गिरिपार के लोग फिर एकजुट हुए।
हाटी समाज अब रजिस्ट्रार जनरल से मिला, मदद का मिला भरोसा
सिरमौर के गिरिपार को जनजातीय दर्जा दिलाने के लिए वीरवार को हाटी समाज का प्रतिनिधिमंडल रजिस्ट्रार जनरल ऑफ इंडिया से मिला। सांसद वीरेंद्र कश्यप की अगुवाई में मिले प्रतिनिधिमंडल ने उन्हें ज्ञापन सौंपा और गिरिपार को एसटी का दर्जा देने की मांग उठाई।
रजिस्ट्रार जनरल ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि जनजातीय मंत्रालय और हिमाचल सरकार से जो रिपोर्ट उनके पास आएगी, उसका अवलोकन करने के बाद वह उचित कार्रवाई करेंगे। बता दें कि बीते बुधवार को हाटी समाज के प्रतिनिधिमंडल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री राजनाथ सिंह, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा और जनजातीय मामलों के मंत्री जुएल ओराम से मुलाकात की थी।
पीएम मोदी समेत सभी मंत्रियों ने प्रतिनिधिमंडल को जनजातीय दर्जा दिलाने के लिए हर मदद की बात कही थी। प्रतिनिधिमंडल ने बुधवार देर शाम भी ओराम से मिलकर पूरे मामले को उनके सामने रखा। ओराम ने आश्वासन दिया है कि वह इस मामले में पूरी मदद करेंगे।