नशे के शिकार लोगों के उपचार और पुनर्वास कार्यक्रमों तक पहुंच सुनिश्चित होगी
इसके अतिरिक्त सरकार का लक्ष्य नशे के शिकार लोगों के उपचार और पुनर्वास कार्यक्रमों तक पहुंच का विस्तार प्रदान करना है। स्कूलों और कॉलेजों में राज्यव्यापी जागरुकता अभियानों के साथ हिम वीर और हिम दोस्त जैसी पहलों के माध्यम से सामुदायिक जुड़ाव को बढ़ाया जाएगा। त्वरित न्याय सुनिश्चित करने के लिए सरकार एनडीपीएस मामलों के लिए विशेष अदालतें स्थापित करने और फास्ट ट्रैक जांच और अभियोजन पर ध्यान केंद्रित करने की योजना बना रही है।
नशा मुक्ति केंद्रों की गतिविधियों की निगरानी होगी
मुख्यमंत्री ने कहा कि एसटीएफ स्वतंत्र रूप से एसटीएफ पुलिस स्टेशनों के माध्यम से या स्थानीय पुलिस और रेंज, जिला या उपखंड स्तर पर विशेष इकाइयों के सहयोग से मामलों को पंजीकृत करके जांच करेंगे तथा उसके दुरुपयोग को रोकने के लिए नशा मुक्ति केंद्रों की गतिविधियों की निगरानी भी करेगा। सुक्खू ने कहा कि अपने कार्य संचालन की मजबूती के लिए एसटीएफ पुलिस अधीक्षकों के नेतृत्व में धर्मशाला, परवाणू और मंडी में कार्य करेगा, जिसका मुख्यालय शिमला होगा। यह टास्क फोर्स नियमित रूप से सरकार को प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी। यह व्यापक दृष्टिकोण नशीली दवाओं के दुरुपयोग को समाप्त करने तथा एक सुरक्षित और स्वस्थ प्रदेश बनाने के लिए सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।