15 नवंबर से जिला शिमला में संशोधित डीबीटीएल योजना शुरू हो जाएगी। रसोई गैस उपभोक्ताओं को गैस सिलेंडर लेने के लिए बाजार भाव चुकाना पड़ेगा। योजना से जुड़ने वाले उपभोक्ताओं के बैंक खाते में केंद्र सरकार सब्सिडी लौटाएगी। ऐसे में योजना से जुड़ने के लिए सिर्फ एक सप्ताह शेष है। योजना से जुड़ने वाले उपभोक्ताओं को अपनी संबंधित गैस एजेंसी में जाकर बैंक अकाउंट नंबर बताना होगा और आधारकार्ड की कापी जमा करनी होगी।
जानकारी के मुताबिक जिन लोगों ने आधारकार्ड नहीं बनवाया है, वह बैंक अकाउंट नंबर दे सकते हैं। आधार कार्ड नंबर देने के लिए सरकार ने जनवरी माह तक की मोहलत दी है। जिला शिमला के 2.10 लाख रसोई गैस उपभोक्ताओं को 15 नवंबर से गैस सिलेंडर खरीदने के लिए 987 रुपये खर्च करने पड़ेंगे। संशोधित डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर आफ एलपीजी योजना के लागू होने से केंद्र सरकार उपभोक्ताओं के बैंक खाते में सब्सिडी के 501 रुपये लौटाएगी।
नवंबर माह में 937 रुपये नॉन सब्सिडी गैस सिलेंडर का दाम तय हुआ है। जिला शिमला में होम डिलीवरी के 50 रुपये तय किए हैं। ऐसे में उपभोक्ताओं को 987 रुपये चुकाने पड़ेंगे। सब्सिडी कोटे के 12 गैस सिलेंडरों का प्रयोग कर चुके उपभोक्ताओं पर योजना लागू होने से बोझ पड़ेगा। इन उपभोक्ताओं के बैंक खाते में सरकार कोई राशि नहीं लौटाएगी।