फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अफसरों के तबादले, कैसे ट्रेंड होंगे जवान?

Mon, 25 Aug 2014 09:05 AM IST
विनोद शर्मा/अमर उजाला, डरोह (कांगड़ा)
विज्ञापन
विज्ञापन
पुलिस अफसरों और जवानों को ट्रेंड करने वाले प्रदेश के एकमात्र पुलिस ट्रेनिंग कॉलेज (पीटीसी) डरोह में अफसरों के धड़ाधड़ तबादले प्रशिक्षण पर असर डाल रहे हैं। डरोह में पुलिस ट्रेनिंग स्कूल, कॉलेज और एकेडमी है।
विज्ञापन


स्कूल और कॉलेज के प्रभारी अफसर एसपी रैंक के अफसर होते हैं तो एकेडमी का कार्यभार आईजी रैंक के अफसरों के पास होता है। पिछले डेढ़ साल में यहां 5 एसपी बदल चुके हैं। आईजी पद का काम अतिरिक्त कार्यभार से चल रहा है।

मौजूदा समय में केंद्र में एक एसपी और दो डीएसपी अंडर ट्रांसफर हैं। वहीं, आईजी पद का कार्यभार भी आईजी साउथ रेंज शिमला जीडी भार्गव देख रहे हैं। पुलिस मुख्यालय पीटीसी में तैनात अधिकारियों के तबादले तो कर रहा है, लेकिन उनके स्थान पर किसी दूसरे अधिकारी को नहीं भेज रहा है।
विज्ञापन


पीटीसी में एक एसपी वायरलैस और एक एडिशनल एसपी को लगाया गया है। मौजूदा समय में आईजी, डीआईजी, एसपी और डीएसपी के पद रिक्त चल रहे हैं। एसपी आनंद धीमान को पहले एसपी लीव रिजर्व लगाया गया।

उसके बाद उन्हें ही पीटीसी में एसपी के पद का कामकाज सौंप दिया गया। बीते सप्ताह उनका तबादला विजिलेंस में मंडी कर दिया गया है। केंद्र में बड़े अधिकारी नहीं होने से ट्रेनिंग शेड्यूल बनाने में भी अड़चनें आ रही हैं।

153 जवान ले रहे हैं ट्रेनिंग
पीटीसी डरोह में वर्तमान में करीब 153 जवान प्रशिक्षण ले रहे हैं। यहां सिपाही से लेकर ग्रेड वन अफसरों को प्रशिक्षण दिया जाता है। इस समय केंद्र में डीएसपी प्रोबेशनर कोर्स, ड्रिल कोर्स, इंटरमिडिएट कोर्स, विगलर कोर्स, सीसीटीएनएस कोर्स चल रहे हैं। पीटीसी में हिमाचल के साथ बाहरी राज्यों के पुलिस अधिकारियों और सिपाहियों को भी प्रशिक्षण दिया जाता है।

आर्म्ड पुलिस एंड ट्रेनिंग के एडीजीपी एसआर ओझा ने बताया कि पीटीसी के अंडर ट्रांसफर एसपी को स्थायी रूप से अब वहीं तैनात किया जा रहा है। अफसरों की कमी के कारण कई बार अस्थायी व्यवस्था करनी पड़ती है। एकेडमिक जरूरत के अनुसार बाहर से भी अफसर पीटीसी में भेजे जाते हैं। कोशिश रहती है कि ट्रेनिंग कॉलेज अच्छी तरह से काम करे।
विज्ञापन

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें