इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज (आईजीएमसी) शिमला में वीरवार सुबह एक बाद एक घरेलू गैस सिलिंडरों में हुए दो धमाकों से अफरातफरी मच गई। न्यू ओपीडी ब्लॉक (बाह्य रोगी विभाग भवन) के एटिक में बने कैफेटेरिया में सुबह 8:30 बजे गैस सिलिंडर में लीकेज के बाद लगी आग से यह धमाके हुए। कैफेटेरिया में कर्मचारी सुबह का खाना तैयार कर रहे थे इसी दौरान गैस लीकेज के कारण आग लग गई। आग लगते ही खाना बना रहे कर्मचारी बाहर की तरफ भागे।
इसके बाद गैस सिलिंडरों में धमाके हो गए। गैस सिलिंडरों के धमाके होने से कैफेटेरिया के चारों ओर आग फैल गई। इससे पूरे ब्लॉक में लिफ्ट और बिजली उपकरण बंद हो गए। इसके अलावा डॉक्टरों के छह कमरे भी पूरी तरह जलकर राख हो गए हैं। न्यू ओपीडी ब्लॉक के कैफेटेरिया में आग भड़कने के बाद पूरे परिसर में अंधेरा छा गया। 8:50 बजे के करीब अग्निशमन विभाग को इसकी सूचना दी गई। 8:55 बजे मालरोड, छोटा शिमला और बालूगंज से अग्निशमन विभाग की गाड़ियां मौके पर पहुंचना शुरू हुईं।
पानी की कमी न हो इसके लिए पुराने भवन के पास मुख्य लाइन से पाइप जोड़े गए। आईजीएमसी के कर्मचारियों के साथ अग्निशमन विभाग के 33 कर्मचारियों की टीम छत के रास्ते से कैफेटेरिया की खिड़की के पास पहुंची। इसके बाद शीशा तोड़कर यहां पर दो गैस सिलिंडरों को ठंडा करके बाहर निकाला गया और पानी की बौछारों से आग को अन्य डॉक्टरों के कमरों में फैलने से रोका। इस प्रक्रिया में करीब दो घंटे का समय लगा।
इस कैफेटेरिया में डॉक्टरों के अलावा हर रोज सैकड़ों की संख्या में मरीज भी खाना खाने आते हैं। गनीमत रही कि घटना के वक्त वहां खाना बना रहे कर्मचारियों के अलावा कोई नहीं था। आगजनी की घटना के बाद दोपहर एक बजे विपक्ष के नेता जयराम ठाकुर, भाजपा प्रदेशाध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल और शाम साढ़े चार बजे के करीब उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री भी अस्पताल में पहुंचे।
इस अवसर पर स्थानीय विधायक हरीश जनारथा, आईजीएमसी प्रधानाचार्य डॉ. सीता ठाकुर, अतिरिक्त निदेशक स्वास्थ्य ईशा ठाकुर, वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक डॉ. राहुल राव, चिकित्सा उप अधीक्षक डॉ. अमन, एनेस्थीसिया विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. सुरेंद्र, कर्मचारी महासंघ के अध्यक्ष हरिंद्र सिंह, महासचिव हनीश ठाकुर समेत अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।
संजय अवस्थी ने भी लिया जायजा
आगजनी की घटना के बाद मुख्य संसदीय सचिव संजय अवस्थी सुबह 11:15 बजे के करीब आईजीएमसी पहुंचे और आगजनी की घटना की जानकारी ली। उन्होंने प्रशासन को लापरवाही बरतने के लिए कैफेटेरिया संचालक के खिलाफ सख्त कार्यवाही करने के निर्देश दिए। चिकित्सा अधीक्षक को निर्धारित समय अवधि के भीतर जांच पूरी कर रिपोर्ट सरकार को भेजने के निर्देश दिए। अवस्थी ने कहा कि इस संबंध में एफआईआर पंजीकृत कर दी है।
60 लाख के नुकसान अनुमान
आईजीएमसी के न्यू ओपीडी ब्लॉक में आगजनी की घटना से करीब 60 लाख रुपये के नुकसान की आशंका है। इसमें कैफेटेरिया के साथ लिफ्ट को भी नुकसान पहुंचा है। हालांकि गनीमत है किसी प्रकार का जानी नुकसान नहीं हुआ है।