विधायक पठानिया की ओर से लाए प्रस्ताव पर अपने उत्तर के दौरान सीएम ने विपक्ष के वाकआउट पर तंज कसा। उन्होंने कहा कि नशे के विषय पर सदन में इतनी गंभीर चर्चा हो रही है और विपक्ष का एक भी सदस्य सदन में मौजूद नहीं हैं।
अच्छा होता विपक्ष भी अपने सुझाव सदन में देता। अफसोस यह है कि उनका मकसद कुछ और था। विपक्ष को सुबह शाम राजनीति से इतर जनहित के बारे में सोचना चाहिए। वाकआउट के बाद मैंने खुद विपक्ष के नेताओं से कहा कि अब तो सदन में आ जाओ। लेकिन, वे नहीं आए।