सरकार हिमाचल के 54 शहरों में प्रदूषण रहित बसें चलाएगी। रोहतांग में इलेक्ट्रिक बस सेवा शुरू हो गई है, जबकि शिमला में भी ऑन ट्रायल बस चलाई जा रही है। परिवहन निगम 50 इलेक्ट्रिक बसें चलाने जा रहा है।
इसमें 30 बसें शिमला, जबकि 20 बसें धर्मशाला के लिए हैं। इन बसों का ऑर्डर फाइनल हो गया है। 31 मार्च तक यह बसें परिवहन निगम के बेड़े में शामिल हो जाएंगी। दूसरे फेज में इलेक्ट्रिक बसें चलाने के लिए सरकार 4 से 5 शहरों को शामिल करेगी।
शहरों से बाहर की जाने वाली डीजल बसों को ग्रामीण रूटों में चलाया जाना है। हिमाचल के ग्रामीण रूटों पर बसों का अभाव है। परिवहन निगम का मानना है कि इलेक्ट्रिक बसें आने से शिमला और धर्मशाला से दर्जनों बसें बाहर होनी हैं।
इन बसों को ऐसे रूटों पर चलाया जाना है जहां दिन में सिर्फ एक या दो रूट पर बसें चलती हैं। निगम का मानना है कि शहरों के लिए सात सीटर इलेक्ट्रिक वाहन भी चलाए जा रहे हैं। डिमांड के अनुसार शहरों के लिए इन वाहनों को लाया जा रहा है।
परिवहन मंत्री गोविंद ठाकुर ने बताया कि धीरे-धीरे हिमाचल के शहरों से डीजल बसों को हटाया जाना है। इनके स्थान पर इलेक्ट्रिक बसें चलाई जानी हैं। प्रदेश सरकार हिमाचल को प्रदूषण मुक्त करने के प्रयास में लगी है।