परिजनों का आरोप है कि डॉक्टर ने कहा कि उसकी ड्यूटी 9 से 5 बजे तक है और वह उसका उपचार नहीं कर सकता। महिला को तड़पता देखकर राजकुमार ने सीएमओ सोलन को फोन किया। उन्होंने सीएमओ को बताया कि डॉक्टर उनका भी फोन नहीं उठा रहा है।
काफी कहासुनी के बाद परिजन उसे रात 8:00 बजे सुल्तानपुर में एक निजी अस्पताल ले गए जहां महिला की हालत देखकर प्राथमिक उपचार के बाद उसे चंडीगढ़ रेफर कर दिया।
तीमारदार राजकुमार शर्मा ने बताया कि चंडीगढ़ में टेस्ट के बाद डॉक्टरों ने डेंगू की पुष्टि की है। महिला का इलाज चंडीगढ़ में चल रहा है जो अत्यंत गरीब परिवार से बताई जा रही है। लोगों ने डॉक्टर के ऐसे रवैये की कड़ी निंदा की है।
डॉक्टर को कारण बताओ नोटिस जारी : सीएमओ
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. आरके दरोच का कहना है कि महिला के परिजनों ने उनसे इस मामले में शिकायत की है। उन्होंने डॉक्टर को कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
उन्होंने कहा कि डॉक्टर उस समय केंद्र में मौजूद था और उसका कर्तव्य बनता है कि मरीज की जांच करे। लेकिन उसने जिम्मेदारी नहीं निभाई। उन्होंने बताया कि नोटिस का जवाब मिलने के बाद अगली कार्रवाई की जाएगी।