हिमाचल विश्वविद्यालय की फर्जी डिग्रियां बनाने वाले मास्टरमाइंड का पुलिस ने भंडाफोड़ कर दिया है। आरोपी सोलन निवासी खेमराज उर्फ विक्कू बताया जा रहा है। पुलिस की गिरफ्त में आने के बाद आरोपी से फर्जी डिग्री मामले से जुड़े कई सुरागों का पता लगाने के लिए वीरवार को इसके कई ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापे मारे गए। पुलिस ने सोलन से उसके एक ठिकाने से कंप्यूटर, दो स्कैनर और फर्जी डिग्री की ब्लैंक शीटें बरामद की हैं।
आरोपी तीन दिन पहले पुलिस के हत्थे चढ़ा था। पुलिस के अनुसार आरोपी ने पुलिस रिमांड में कबूला की वह 2017 से एचपीयू की फर्जी डिग्रियां बनाने का काम करता था। डिग्रियां बनाने के लिए वह शिमला की एक निजी स्टेशनरी से कागज लाता था और सोलन में ही फर्जी डिग्रियां बनाने का काम करता था। इसने अभी तक करीब एक दर्जन फर्जी डिग्रियां ग्राहकों को दी हैं।
आरोपी पेशे से कारोबारी है, लेकिन वह खुद भी एमए की पढ़ाई कर रहा है। पुलिस के मुताबिक नादौन से पकड़ा आरोपी संजीव कुमार इन फर्जी डिग्रियां को ग्राहकों को देने का कार्य करता था। कंप्यूटर संचालन के चलते इसे इस कार्य करवाने में आसानी हो जाती थी।
फर्जी डिग्री मामले में दोनों आरोपियों की आज कोर्ट में पेश करेगी पुलिस
शिमला। एचपीयू के फर्जी डिग्री मामले में सोलन के खेमराज और हमीरपुर जिला के नादौन से गिरफ्तार आरोपी संजीव कुमार को पुलिस शनिवार को अदालत में पेश करेगी। अदालत ने इन दोनों को तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेजा था।
इस दौरान पुलिस अदालत में फर्जी डिग्री मामले में तफ्तीश साक्ष्य को भी कोर्ट रखेगी ताकि आरोपी को पुलिस रिमांड पर लिया जाए और फर्जी डिग्री मामले में कई और तथ्य जुटाए जा सकें।