हिमाचल प्रदेश के चंबा जिला के तीसा इलाके में एक विवाहिता का अपहरण करने के बाद उसके साथ गैंगरेप का सनसनीखेज मामला प्रकाश में आया है। आरोपियों पर महिला को तीन सप्ताह से अधिक समय तक बंधक बनाकर रखने का भी आरोप है।
वारदात से इलाके में दहशत का माहौल है। पुलिस ने चार आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज करके छानबीन शुरु कर दी है। आरोपियों के खिलाफ किडनैपिंग और दुराचार का केस दर्ज हुआ है।
आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस का एक गदरी क्षेत्र के लिए रवाना हो गया है। पुलिस ने पीड़िता को बरामद कर परिजनों के हवाले कर दिया है। पीड़िता का मेडिकल भी हुआ। मेडिकल रिपोर्ट में गैंगरेप की पुष्टि हुई है।
दवाई लेकर घर लौट रही थी महिला
बताया जा रहा है कि पीड़िता के तीन बच्चे भी हैं। पुलिस के अनुसार पीड़िता ने अपने बयान में कहा है कि 18 अगस्त को दवाई लेने के लिए कोटी गई थी। करीब दस बजे वापस लौटने के लिए गाड़ी का इंतजार कर रही थी।
इस दौरान नकरोड़ की तरफ से एक कमांडर जीप आई और उसमें सवार लोगों ने उसे लिफ्ट दे दी। कोटी में कुछ आगे जाकर महिला ने जब गाड़ी रोकने के लिए कहा तो चालक ने गाड़ी नहीं रोकी।
पुलिस का कहना है कि इस गाड़ी में बाला, अभी, बसीर और शैन सभी पुत्र अलमदीन निवासी गघार सवार थे। महिला ने पुलिस को बताया कि उसका अपहरण करने के बाद आरोपी बाला उसे शैन के घर ले गया।
घर ले जाकर की आबरू तार तार
जहां पर बाला, अलमगीर, युसुफ और हुस्न ने उसके साथ गैंगरेप किया। आरोपियों ने महिला को यहां पर बंधक बनाकर भी रखा। अब पुलिस ने महिला को बरामद करके परिजनों के हवाले कर दिया है।
एसएचओ शरीफ मोहम्मद ने मामला दर्ज होने की पुष्टि करते हुए कहा कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की एक टीम को गदरी भेजा गया है। उन्होंने कहा कि मेडिकल रिपोर्ट में रेप की पुष्टि हुई है।
उन्होंने दावा किया है कि जल्द आरोपी सलाखों के पीछे होंगे। आरोपियों के खिलाफ भादसं की धारा 363, 366 और 376 के तहत मामला दर्ज किया गया है।