बहुचर्चित निशा मर्डर केस में एक दिल दहला देने वाला खुलासा हुआ है। पुलिस जांच में पता चला है कि दोनों आरोपियों ने दुराचार की नियत से युवती को जबरन उठाया।
इसी दौरान जब जंगल में निशा अपनी आबरू बचाने के लिए चिल्लाई तो पकड़े जाने के डर से आरोपियों ने उसकी दम घोंटकर हत्या कर दी।
पुलिस ने हत्या के आरो में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इनकी पहचान राम पाल उर्फ नीरज पुत्र भगत राम और शिव सिंह पुत्र स्वर्गीय विधि सिंह निवासी सिंगा के रूप में हुई है।
शराब पीते समय बनाई नापाक साजिश
पुलिस का दावा है कि दोनों आरोपियों ने पुलिस के समक्ष गुनाह कबूल किया है। एसपी अनुपम शर्मा ने शनिवार को प्रेस वार्ता में कहा कि इन दोनों आरोपियों ने पुलिस के समक्ष मान लिया कि दोनों ने घटना की पिछली रात साथ बैठकर शराब पी।
सुबह के समय इन्होंने निशा को गांव से कुछ दूर घूमते हुए देखा। इसके बाद दोनों निशा से दुराचार के मकसद से उसकी ओर बढ़े।
निशा को दोनों ने जब जंगल में पकड़ा तो वह चिल्लाने लगी। दोनों आरोपियों ने निशा के मुंह और नाक दबाकर उसे चुप रहने को कहा। इससे निशा का दम घुट गया और उसकी मौत हो गई।
सूखी पत्तियों ने नीचे दबाकर लगा दी आग
इसके बाद दोनों आरोपी निशा की लाश को करीब 25 मीटर दूर झाड़ियों में ले गए और जंगल से सूखी पत्तियां एकत्रित कर लाश उसमें छिपा दी। कुछ देर बाद दोनों ने सूखी पत्तियों को आग लगाकर लाश को भी जलाने का प्रयास किया।
दोनों का मकसद यह था कि शव की पहचान छिपाकर उनके गुनाह पर पर्दा पड़ा रहे। लेकिन ऐसा करने से भी इन दोनों का गुनाह छिप न सका। एसपी अनुपम शर्मा ने कहा कि आरोपियों से कड़ी पूछताछ चल रही है।
इसी मामले में चार दिन पहले पुलिस ने निशा की भाभी रीना को गिरफ्तार किया था। रीना से भी पुलिस ने पूछताछ की और अब रीना को रिहा कर दिया गया है।