आरोप, खुले स्थान पर बैठे थे युवक, पार्षद ने लोगों के साथ एक घंटे तक जबरन रोका
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। बीसीएस क्षेत्र में एक निजी संस्थान में पढ़ने वाले छात्र के साथ मारपीट और दुर्व्यवहार का मामला सामने आया है। छात्र ने कंगनाधार वार्ड के पार्षद पर मारपीट के आरोप लगाए हैं। शिमला पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धाराओं के तहत केस दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।
पुलिस को दी शिकायत में चीफ मैनेजर, एस्पायर अकादमी फेस-तीन बीसीएस, सुरेंद्र सिंगटा ने बताया कि 10 अक्तूबर को रात करीब 10:20 बजे उनकी अकादमी में पढ़ने वाले चार छात्र बाहर बैठे थे। इस दौरान छात्र गिटार बजा रहे थे और चाय पी रहे थे। इसी दौरान समीप के भवन से एक व्यक्ति उन्हें देख रहा था। थोड़ी देर में ही कंगनाधार के पार्षद आरआर वर्मा और कुछ लोग मौके पर पहुंचे और छात्रों से पूछताछ करने लगे।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि जब एक छात्र ने बताया कि वह एस्पायर में पढ़ाई करता है, तो पार्षद ने गुस्से में आकर उसे थप्पड़ जड़ने के साथ ही दुर्व्यवहार किया और धमकाया। आरोप है कि थप्पड़ मारने से छात्र के गाल से खून निकलने लगा। इसके अलावा आरोप है कि पार्षद समेत अन्य लोगों ने करीब एक घंटे तक चारों छात्रों को रोककर रखा।
पुलिस ने शिकायत के आधार पर भारतीय न्याय संहिता की धाराओं 126 (2), 115 (2), 351 (2) और 352 के तहत केस दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।
मेरे ऊपर लगाए आरोप निराधार
कंगनाधार के पार्षद आरआर वर्मा ने बताया कि उन्हें लोगों से सूचना मिली थी कि चार छात्र पानी के टैंक पर बैठे हैं। उन्होंने छात्र से किसी प्रकार की मारपीट नहीं की है। सभी आरोप निराधार हैं। उन्होंने कहा कि संस्थान के छात्र रात-रात भर क्षेत्र में घूमते रहते हैं, जिस वजह से माहौल खराब हो रहा है। इसको लेकर पुलिस स्टेशन के एसएचओ की ओर से एडवाइजरी जारी की गई थी, लेकिन उसका आज तक पालन नहीं हो रहा है। पार्षद ने कहा कि इस मामले में वे संस्थान के एमडी पर मानहानि का केस करेंगे और जरूरत पड़ी तो लोगों को साथ लेकर धरने पर भी बैठेंगे।