लोक निर्माण विभाग ने छह माह तीन बार शहर की लाइफलाइन कहे जाने वाले सर्कुलर रोड को खोद डाला है। इससे स्थानीय लोगों और पर्यटकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मिनटों का सफर घंटों में तय हो रहा है। मौके पर लोक निर्माण महकमे के कोई भी अधिकारी मौजूद नहीं रहते। खुदाई करने वालों की ओर से अनुबंध की नियमों और शर्तों का उल्लंघन किया जा रहा है।
इस तरह की सूचनाएं मिलने के बाद पुलिस प्रशासन की ओर से लोक निर्माण महकमे को पत्र लिखकर स्थिति में सुधार लाने को कहा गया है? आग्रह किया गया है। एसपी शिमला की ओर से यह पत्र इंजीनियर इन चीफ को लिखा गया है जिसमें इन बातों का जिक्र किया गया है।
पहले से ही राजधानी शिमला की तंग सड़कों और गड्डों में तबदील हुई सड़कों के कारण रोजाना शिमला शहर में जाम की समस्या बनी हुई है और उस पर शिमला शहर का लोक निर्माण विभाग तंग सड़कों को बार बार खोद कर स्थानीय लोगों और बाहरी राज्यों से आने बाले टूरिस्टों की परेशानियां बढ़ा रहा है।
राजधानी में टूरिस्ट सीजन के चलते रोजाना शहर की सड़कों में पूरे पूरे दिन जाम की समस्या बनी रहती है। शहर की लाइफ लाइन कहे जाने वाले सर्कुलर रोड पर रोजाना वाहन रेंग रेंग कर चलते हैं। पुलिस बेबस है, दिन में ही बड़े बुलडोजर और जीसीबी मशीनें सर्कुलर रोड पर दनदनाती हुई नजर आ रही हैं, इस वजह से भी ट्रैफिक जाम लग रहा है।
पुलिस का तर्क: नियमों की हो रही अवहेलना
पुलिस प्रशासन की ओर से लोक निर्माण महकमे से कहा गया है कि शहर की सड़क के किनारे खुदाई में नियमों और शर्तों की सरेआम अवहेलना हो रही है। लोक निर्माण विभाग का कोई भी अफसर खुदाई के दौरान मौके पर मौजूद नहीं रहता। इस वजह से ट्रैफिक जाम हो रहा है जिससे स्थानीय लोगों के साथ साथ सैलानियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
पुलिस प्रशासन ने आग्रह किया कि लोक निर्माण विभाग अपने अधिकारियों को निर्देश जारी करें कि वह पीक ऑवर में खुदाई की जगह पर तैनात हो उनकी निगरानी में खुदाई का काम चले। खासकर स्कूलों के आसपास अधिक तव्वजो दी जाए ताकि लोगों को कम परेशानी का सामना करना पड़े।