राज्य सचिवालय के बाहर मीडिया से अनौपचारिक बात करते हुए सीएम सुक्खू ने कहा कि सरकार ने न तो मंत्री के खिलाफ कोई जांच शुरू की है और न ही भाजपा की पिछली सरकार के मंत्रियों के खिलाफ जांच शुरू की है। जयराम के खिलाफ भी चिट्ठी आई थी। उसे भी फाइल किया गया है। कोई तर्क के साथ आए और एफीडेविट के साथ आए तो फिर तो बात की जा सकती है। कोई किसी के ट्रांसफर से नाराज होता है तो फिर इस तरह की बात की जाती है। ऐसी चिट्ठियों को फाइल करना एक प्रक्रिया है। जयराम ठाकुर भविष्यवक्ता बनना बंद कर दें। उन्होंने भविष्यवक्ता बनकर तीन निर्दलीय प्रत्याशियों से इस्तीफे दिला दिया। भाजपा पांच भागों में बंटी है, कांग्रेस को बांटने का प्रयास न करें। इस तरह की चिट्ठियां जयराम ठाकुर के समय भी आती थीं।