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Himachal: सीएम ने स्थगित किए वेतन मामले में कर्मचारियों से मांगा सहयोग, बोले- आरडीजी प्रदेश की जनता का अधिकार

Thu, 26 Mar 2026 06:38 PM IST
Krishan Singh अमर उजाला ब्यूरो, शिमला।

सार

 रेवेन्यू डेफिसिट ग्रांट (आरडीजी) बंद होने की वजह से स्थगित किए गए वेतन में भी कर्मचारियों से सहयोग की अपील की। 
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मुख्यमंत्री सुखविंद्र सुक्खू ने जन्मदिन पर काटा केक। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मुख्यमंत्री के जन्मदिन पर सचिवालय कर्मचारी यूनियन ने वीरवार को अवेयरनेस वॉक का आयोजन किया। इस दौरान मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने सचिवालय कर्मचारियों के सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया। रेवेन्यू डेफिसिट ग्रांट बंद होने की वजह से स्थगित किए गए वेतन में भी कर्मचारियों से सहयोग की अपील की। मुख्यमंत्री ने कहा कि मेरे साथ चुनौतियां चलती हैं। उन्हें मैं पार करूंगा। मुख्यमंत्री ने अवेरनेस वॉक को सचिवालय से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। वॉक सचिवालय से शुरू होकर रिज मैदान स्थित चर्च के समीप संपन्न हुई। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार द्वारा प्रस्तुत बजट जन कल्याण पर केंद्रित है। राज्य का सर्वांगीण विकास और समृद्धि सुनिश्चित करने के लिए आगामी वर्षों में और बेहतर निर्णय लिए जाएंगे। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार सेवा परमो धर्मः के भाव से कार्य कर रही है ताकि कल्याणकारी योजनाओं का लाभ समाज के हर व्यक्ति तक पहुंच सके।

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उन्होंने वर्ष 1952 से मिल रही आरडीजी को बंद किए जाने पर भी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि आरडीजी प्रदेश की जनता का अधिकार है। देश के विकास में हिमाचल के योगदान का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश, देश को प्रतिवर्ष लगभग 90,000 करोड़ रुपये की पारिस्थितिक सेवाएं प्रदान करता है। प्रदेश सरकार विभिन्न मंचों पर प्रदेश के अधिकारों को पुरजोर तरीके से उठा रही है और सरकार इन प्रयासों में अवश्य सफल होगी। उन्होंने कहा कि वित्तीय अनुशासन की दिशा में अनेक कदम उठाए गए हैं और इसके सकारात्मक परिणाम शीघ्र ही दिखाई देंगे। सरकार ने सभी सरकारी कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन योजना बहाल की है ताकि वे सम्मानजनक जीवन व्यतीत कर सकें। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने हिमाचल प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड की 18 महिला लाभार्थियों को वित्तीय सहायता भी प्रदान की। प्रत्येक लाभार्थी को 3 लाख रुपये की सहायता में से पहली किश्त के रूप में 1 लाख रुपये प्रदान किए गए, जिससे उनके घर बनाने का सपना साकार होगा।
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