वीरभद्र सरकार ने बीते अप्रैल माह से विभिन्न विभागों में चार हजार पदों पर भर्तियां करने का निर्णय कैबिनेट में लिया था। 10 अक्तूबर तक सरकार ने 7 कैबिनेट बैठकें कीं। इनमें से अधिकांश में लोक लुभावन फैसले लिए गए। उद्योग विभाग को करोड़ों रुपये का लाभ देने की नीति लाई गई जबकि विधायकों को औने-पौने दामों में सस्ती जमीन देने का मामला भी आया।
सरकार ने इस दौरान बिना बिल्डिंग के धड़ाधड़ आईटीआई और कॉलेज खोले गए। कई कर्मचारी संवर्गों का मानदेय दोगुना तक बढ़ाया गया, जिससे कई सौ करोड़ का वित्तीय भार सरकार पर पड़ा है। समूह ग और घ के पदों पर इंटरव्यू समाप्त किए गए। स्वास्थ्य क्षेत्र में बिना भवन प्रावधान के कई पीएचसी खोल दिए गए।
प्रशासनिक इकाइयों में लोकनिर्माण विभाग के कई उपमंडल, कई जगह उप कोषागार, कई नए पटवार सर्किल आदि बनाने की घोषणा हुई। सरकार अब ऐसे तमाम फैसलों पर रिपोर्ट मांग चुकी है। सरकार के खजाने पर भार पड़ने वाले फैसलों को जयराम ठाकुर मंत्रिमंडल निरस्त कर सकता है।
ये फैसले रडार पर
चाय बागानों में खाली जमीन पर पर्यटन गतिविधियां
बीमार उद्योगों को उबारने के लिए दस साल का पैकेज
सोने की रिफाइनरी उद्योग को वर्ष 2013 से कर राहत
धार्मिक संस्थाओं की भूमि को लैंड सीलिंग एक्ट में राहत
एचआरटीसी में इलेक्ट्रिक टैक्सियों, डीलक्स और वोल्वो बसों की खरीद
विधायकों को सस्ती जमीन देने का मामला
10 नए आईटीआई और 10 डिग्री कॉलेज
पांच नए आबकारी एवं कराधान सर्किल
सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभाग और पंचायतों में जल रक्षकों के दो हजार पद
एक हजार से अधिक छात्रों वाले कॉलेजों में पर्यावरण विज्ञान प्रवक्ताओं के पद
राज्य मानवाधिकार आयोग में अध्यक्ष और सदस्य सहित स्टाफ के पदों पर भर्ती
कॉलेजों में असिस्टेंट प्रोफेसरों के 262 पद
स्वास्थ्य विभाग में जूनियर ऑफिस असिस्टेंट के 110 खाली पद
मेडिकल कॉलेज चंबा में 110 स्टाफ नर्सों की नियुक्ति
पुलिस कांस्टेबलों की एक हजार पदों पर भर्ती प्रकरण
ग्राम सेवकों को अनुबंध पर लाने का फैसला
एचआरटीसी में कंडक्टर भर्ती का प्रकरण
सिलाई टीचर का मानदेय 2300 से बढ़ाकर 6300 रुपये
पंचायत चौकीदारों का मानदेय 2350 से बढ़ाकर 3050 रुपये
आशा वर्करों को एक हजार का मानदेय देगी सरकार
जल रक्षकों का मानदेय 1700 से बढ़ाकर 2500 रुपये किया
पैट शिक्षकों को जेबीटी के बराबर लाभ देने का फैसला