मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा कि जंगली जानवरों और बंदरों से किसानों की फसलें बचाने और वनों को आग से बचाने के लिए सरकार उचित कदम उठाएगी। यह आज उनसे भेंट करने आए भारतीय किसान संघ के प्रतिनिधिमंडल को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि जो उन्हें किसानों से जुड़े विभिन्न मुद्दों से अवगत करवाने आए थे। सौर ऊर्जा सिंचाई पंपों पर दो सौ करोड़ खर्च किए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार किसानों और बागवानों का कल्याण सुनिश्चित करने के लिए कृत संकल्प है। किसानों को लाभान्वित करने और उनकी आय को वर्ष 2022 तक दोगुना करने के लिए कई योजनाएं आरंभ की गई हैं। राज्य सरकार ने मुख्यमंत्री खेत संरक्षण योजना आरंभ की है, जिसके तहत किसानों की फसलों को जंगली जानवरों से बचाने के लिए सौर बाड़ लगाने पर किसानों के समूह को 80 प्रतिशत का उपदान प्रदान किया जा रहा है।
इस योजना के लिए 35 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। सरकार ने राज्य के विभिन्न भागों में बंदरों को हिंसक जानवर वर्मिन घोषित किया है ताकि किसानों की फसलों को बंदरों से बचाया जा सके। उन्होंने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि उनके सभी जायज मामलों पर विचार किया जाएगा। उनकी समस्याओं को कम करने के लिए हर संभव कदम उठाए जाएंगे।
संघ के अध्यक्ष सोम देव शर्मा ने मुख्यमंत्री से किसानों को फसल और मिट्टी की स्थिति का कृषि जलवायु क्षेत्रों के अनुसार पुन: मानचित्रिकरण करने का आग्रह किया। मुख्य सचिव बीके अग्रवाल, अतिरिक्त मुख्य सचिव वित्त अनिल कुमार खाची, भारतीय किसान संघ के उपाध्यक्ष भगत राम पटियाल, महासचिव सुरेश ठाकुर इस दौरान मौजूद रहे।