स्वास्थ्य मंत्री विपिन सिंह परमार ने कहा कि स्तनपान अत्यंत महत्वपूर्ण है। ये शिशु के स्वास्थ्य के लिए मां की ओर से सर्वोत्तम उपहार है। स्तनपान शिशु मृत्यु दर को कम करने में भी सहायक होता है। उन्होंने कहा कि जीवन के प्रथम दो वर्षों में बच्चों को पौष्टिक आहार की आवश्यकता होती है।
जिसे इस कार्यक्रम में शामिल किया गया है। मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग की ओर से आयोजित कार्यक्रम के दौरान नवजात शिशुओं में स्तनपान को बढ़ावा देने के लिए ‘मां’ कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया।
परमार ने कहा कि इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य नवजात और शिशुओं में स्तनपान को बढ़ावा देना, माता, पति और परिवार के सदस्यों को स्तनपान के लाभ के बारे में शिक्षित करना, माता तथा नवजात शिशु को बेहतर वातावरण प्रदान करना है।
उन्होंने मुख्य चिकित्सा अधिकारियों से राज्य में स्वस्थ बच्चों के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए इस कार्यक्रम के कार्यान्वयन का नियमित अनुश्रवण करने को कहा। राज्य कार्यक्रम अधिकारी डॉ. मंगला सूद ने मां कार्यक्रम और प्रदेश में लागू करने के बारे में जानकारी दी।
विशेष सचिव स्वास्थ्य एवं निदेशक राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन पंकज रॉय, राज्य कार्यक्रम अधिकारी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी और मेडिकल कॉलेजों के प्रधानाचार्य इस अवसर पर उपस्थित थे।