जयराम ने जेटली से कहा कि राज्य सहकारी बैंकों को क्रेडिट गारंटी फंड ट्रस्ट के तहत सदस्य ऋ ण संस्थान नहीं बनाया गया है। इससे मुद्रा, पीएमईजीपी, एनआरएलएम, एनयूएलएम आदि में जमानत मुक्त ऋ ण नहीं मिल रहे।
वह हस्तक्षेप करें। रोजगार पैदा करने, कृषि आधारित उद्योगों के विकास में इससे मदद मिलेगी। मुख्यमंत्री ने एकीकृत विकास परियोजना (आईडीपी) को विश्व बैंक से वित्तीय मदद जारी रखने को भी कहा।
उन्होंने नाराजगी जताई कि आईडीपी और फॉरेस्ट फॉर प्रास्पेरिटी (एफपीपी) का विलय की सिफारिश केे वक्त राज्य की जरूरतों पर विश्व बैंक ने विचार नहीं किया। आईडीपी के लिए अलग से धनराशि उपलब्ध करवाएं। जेटली ने उन्हें आश्वस्त किया।
सीएम ने सुरेश प्रभु से उड़ान-2 परियोजना शुरू करने का अनुरोध किया। उन्होंने कहा कि इसकी डीपीआर में देरी हो रही है। इस अवधि में चंडीगढ़-बद्दी-कसौली-शिमला-कुल्लू-धर्मशाला के लिए हेलीकॉप्टर सेवाओं की अंतरिम व्यवस्था करें।
मंडी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे का मामला भी उठाया। अवरोध परिसीमा सर्वेक्षण शीघ्र करवाने को कहा। उन्होंने शिमला हवाई अड्डे में बड़े विमान उतारने को तकनीकी समाधान का आग्रह किया।
सुरेश प्रभु ने अवरोध परिसीमा सर्वेक्षण शीघ्र करवाने का आश्वासन दिया तथा मंत्रालय के अधिकारियों को अंतरिम व्यवस्था और उड़ान-दो को शीघ्र शुरू करने के निर्देश दिए।