फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सूखे जैसे बन रहे हालात पर सीएम जयराम चिंतित, आईपीएच को दिए ये निर्देश

Tue, 23 Jan 2018 09:52 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, मंडी
विज्ञापन
विज्ञापन

इस बार बारिश और बर्फबारी न होने से हिमाचल में सूखे जैसे हालात बनते जा रहे हैं। सूबे को पानी की भारी कमी का सामना करना पड़ सकता है। इसलिए ऐसी स्थिति से निपटने के लिए संबंधित विभाग को अभी से तैयार रहना होगा, ताकि प्रदेश की जनता का परेशानी न हो। 

विज्ञापन


यह बातें मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने मंडी में सोमवार को सिंचाई एवं जनस्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता में कहीं। इस अवसर पर सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य मंत्री महेंद्र सिंह ठाकुर भी उपस्थित रहे। 

समीक्षा बैठक में सीएम ने कहा कि यदि कुछ हफ्तों अथवा महीने तक मौसम की ऐसी ही स्थिति रहती है तो जलापूर्ति योजनाएं प्रभावित हो सकती हैं। ऐसी स्थिति में विभाग को और अधिक हैंडपंप स्थापित करने की संभावनाओं का पता लगाना होगा। 
विज्ञापन


पानी के टैंकों की व्यवस्था समय रहते कर लेनी होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि पानी का स्तर तेजी से घट रहा है और यह गंभीर चिंता का विषय है। बदलती जलवायु परिस्थितियों के कारण हमें जलाशयों की नियमित रूप से सफाई और क्लोरीनेशन करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि सौ दिनों के लिए निर्धारित लक्ष्यों की सरकार समीक्षा करेगी।

विज्ञापन

पीलिया के मामलों में सजग रहे विभाग

मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि किसी क्षेत्र विशेष से कोई पीलिया का मामला सामने आता है तो विभाग तुरंत जलापूर्ति के स्रोत की जांच करे और पीलिया के प्रकोप को नियंत्रित करने के लिए प्रभावी उपाय करे। उन्होंने निर्देश दिए कि यह सुनिश्चित करें कि पानी का कोई भी टैंक बिना क्लोरीनेशन और सफाई के न छूटे।

मुख्यमंत्री ने विधायकों के सुझावों का पालन करने के भी निर्देश दिए और कहा कि विधायक प्राथमिकता की सभी योजनाओं को महत्व दिया जाए। उन्होंने मल उपचार संयंत्रों का रखरखाव करने के भी निर्देश दिए। 

पेयजल योजना के शीघ्र निर्माण के निर्देश
सिंचाई एवं जनस्वास्थ्य मंत्री महेंद्र सिंह ठाकुर ने आवश्यक दिशा-निर्देशों के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। तय समय सीमा के भीतर कार्यों को पूरा करने के लिए संबंधित अधिकारियों को उन्होंने निर्देश दिए। उन्होंने कुल्लू शहर के लिए 22.73 करोड़ रुपये की जलापूर्ति योजना को जून 2018 तथा 15.04 करोड़ रुपये की मनाली जलापूर्ति योजना का कार्य अक्तूबर 2018 तक पूरा करने के भी निर्देश दिए।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें