हिमाचल के जिला ऊना का नाम चमकाने वाली इस बेटी को प्रशासन भूल गया है। धर्मशाला में बतौर सिविल जज सेवाएं दे रही आकांक्षा डोगरा मूलत: ऊना मुख्यालय के मलाहत गांव की रहने वाली हैं। वर्तमान समय में धर्मशाला कोर्ट में सिविल जज कार्यरत हैं। बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत जिला प्रशासन ने जिला भर में होर्डिंग लगाकर जिला का नाम चमकाने वाली बेटियों की तस्वीरें लगाई हैं ताकि बेटियां प्रेरित हो सकें।
लेकिन हिमाचल ज्यूडीशियल सर्विस की परीक्षा पास कर जज बनी आकांक्षा की तस्वीर इन होर्डिंगों से गायब है। जिससे आकांक्षा डोगरा के अभिभावकों में जिला प्रशासन के प्रति रोष व्याप्त है। आकांक्षा के पिता एलआर डोगरा व माता सुशील डोगरा ने कहा कि
उनकी लाडली बेटी ने बेटियों को आगे बढ़ने की प्रेरणा दी है और उनको भी प्रेरणा स्रोत के तौर पर शामिल किया जाना चाहिए। जिला प्रशासन ने उनकी बेटी को मान सम्मान देना तो दूर एक होर्डिंग तक में जगह नहीं दी है। आकांक्षा डोगरा ने डीएवी पब्लिक स्कूल ऊना से दसवीं व डीएवी वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल ऊना से बारहवीं की है।