राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात करते मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू।
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मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने सोमवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और उप राष्ट्रपति जगदीश धनखड़ से भेेंट की। यह उनकी शिष्टाचार भेंट थी। सीएम सुक्खू सोमवार सुबह पहले उप राष्ट्रपति जगदीश धनखड़ से मिले। उसके बाद राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मिले। सुक्खू ने उन्हें हिमाचल की संस्कृति से संबंधित प्रतीक चिह्न रणसिंघे भेंट किए। सुक्खू की मुख्यमंत्री बनने के बाद राष्ट्रपति और उप राष्ट्रपति से यह पहली शिष्टाचार भेंट है। उनका मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलने का कार्यक्रम है। वह प्रधानमंत्री से भी मुख्यमंत्री बनने के बाद पहली बार मिलेंगे। एक बार इससे पहले भी वह पीएम से मिलने जा चुके हैं, मगर कोविड पॉजिटिव आने के बाद उनका यह कार्यक्रम आगे टल गया। उन्हें कोविड से ठीक हुए काफी दिए हो गए हैं। अब दोबारा प्रधानमंत्री से मिल रहे हैं। सुक्खू रविवार को ही दिल्ली चले गए थे। वह प्रधानमंत्री से मिलने के बाद दिल्ली से हमीरपुर लौट आएंगे। वहां 25 जनवरी को हिमाचल के पूर्ण राज्यत्व दिवस कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि शामिल होेंगे।
भारत जोड़ो यात्रा में शामिल होने के बाद वह दिल्ली पहुंचे थे, मगर कोविड पॉजिटिव पाए गए थे। उसके बाद उनका प्रधानमंत्री से मिलने का कार्यक्रम टल गया। अब स्वस्थ होने के बाद प्रधानमंत्री कार्यालय से उन्हें दोबारा से समय मिला है। सुक्खू 24 जनवरी को दिल्ली से हमीरपुर लौटेंगे। इसके बाद वह 25 जनवरी को वहां पूर्ण राज्यत्व दिवस कार्यक्रम में शामिल होने के बाद ही शिमला आएंगे।
रविवार को दिल्ली पहुंचते ही मुख्यमंत्री सुक्खू ने द्वारका में हिमाचल सरकार की जमीन का मुआयना किया। उन्होंने यहां पर आर्थिक संसाधनों को विकसित करने के लिए विभिन्न संभावित प्रोजेक्टों पर चर्चा की। सुक्खू ने इस दौरान अधिकारियों को देशभर में हिमाचल सरकार की संपत्तियों का ब्योरा देने और उनका प्रदेश की आमदनी को बढ़ाने के लिए इस्तेमाल करने के निर्देश दे दिए हैं। मुख्यमंत्री सुक्खू हिमाचल सदन में कई गणमान्य लोगों से भी मिले। इनमें हिमाचल प्रदेश कांग्रेस के कई नेता और दिल्ली स्थित कई प्रतिनिधिमंडल के प्रतिनिधि भी शामिल हुए।
नए मंत्रियों की नियुक्तियों पर चर्चा कर सकते हैं सुक्खू
सीएम सुक्खू आगामी दिनों में संभावित मंत्रिमंडल विस्तार के बारे में भी केंद्रीय नेतृत्व से चर्चा कर सकते हैं। वह कांग्रेस के केंद्रीय नेताओं से भी मिल सकते हैं। हिमाचल प्रदेश मंत्रिमंडल में मंत्रियों के अभी तीन पद खाली चल रहे हैं। इनके अलावा सुक्खू हिमाचल प्रदेश के विभिन्न बोर्डों और निगमों में अध्यक्षों और उपाध्यक्षों की नियुक्तियों के बारे में भी हाईकमान से चर्चा कर सकते हैं और दिल्ली से लौटने के बाद वे सरकार में इन पर फैसले ले सकते हैं।