सीएम ने कहा कि बच्चों की शिक्षा और रहन-सहन का सारा खर्च सरकार उठाएगी व आपका भविष्य हम बनाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा एक भाई आपका चेन्नई में है उसे भी आप हिमाचल बुला लें। आप चारों बच्चों को सरकार की योजना के तहत लाभान्वित किया जाएगा। निशा ने दसवीं के बाद पढ़ाई छोड़ दी है उसे फिर से शुरू करते हुए 11वीं और 12वीं की शिक्षा हासिल करें। उन्होंने आश्वासन दिया कि जमीन के ऊपर लोन भी चल रहा है उसका भी हल निकाला जाएगा।
बता दें, 2021 में पिता के देहांत और बाद में मां के छोड़कर जाने से ये नाबालिग काफी समय से जर्जर गोशाला में रहने के लिए मजबूर हैं। अमर उजाला ने इस मामले को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। मुख्यमंत्री के संज्ञान लेने के बाद एसडीएम त्वरित कार्रवाई करते हुए बच्चों से मिले थे। बच्चों को सुख आश्रय योजना के तहत लाभ दिया जाएगा। साथ ही इनके लिए पक्के घर का निर्माण भी किया जा रहा है।