वहीं डमटाल पुलिस और रेलवे पुलिस ने जेसीबी की सहायता से युवकों की गाड़ी को आर्मी की गाड़ियों के नीचे से बाहर निकाला। मामला रेलवे पुलिस के अंतर्गत आने के चलते रेलवे पुलिस चौकी कंदरोड़ी के हेड कांस्टेबल देविंद्र कुमार अपनी पुलिस टीम सहित मौके पर पहुंचे और शवों को अपने कब्जे में लिया।
उन्होंने बताया कि आर्मी वाहन चालकों के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर शव पोस्टमार्टम के लिए नूरपुर अस्पताल भेजा दिए हैं।
जानकारी के अनुसार दोनों युवक दोस्त थे और पठानकोट से रात को घर लौट रहे थे।
अंकुश की अगले हफ्ते शादी थी। युवकों की मौत के खबर सुनते ही पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। अंकुश का क्रशर है, जबकि विनय पठानकोट में निजी क्षेत्र में काम करता था।