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छात्रों की बढ़ीं मुश्किलें, बीएड के बाद भी नहीं दे पा रहे हैं टेट

Sat, 17 Aug 2019 01:18 PM IST
अरविन्द ठाकुर न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
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सांकेतिक तस्वीर
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रूसा में ग्रेजुएशन करने वाले सैकड़ों छात्रों का भविष्य अधर में लटक गया है। सैकड़ों छात्र बीएड नहीं कर पा रहे हैं, तो कई ऐसे हैं जिन्हें बीएड पास करने के बावजूद टेट के लिए पात्र नहीं माना जा रहा। छात्रों का कहना है कि रूसा के तहत सब्जेक्ट कंबीनेशन के चलते उन्हें बीएड और टेट से वंचित रखा जा रहा है। इन छात्रों ने सरकार से गुहार लगाई है कि सब्जेक्ट कंबीनेशन की शर्त को हटाया जाए ताकि सैकड़ों छात्र टेट दे सके। ये छात्र शनिवार को सचिवालय भी जाने की तैयारी कर रहे हैं।

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बीएससी आनर्स के बाद बीएड पास करने वाली छात्रा कविता, उपमा, कुसुम, मोनिका, अल्का का कहना है कि उन्हें टेट का पात्र नहीं माना जा रहा। कहा कि इसका कारण गलत सब्जेक्ट कंबीनेशन बताया जा रहा है जिसके लिए एचपी यूनिवर्सिटी प्रशासन जिम्मेदार है। बीएससी आनर्स में दाखिले के दौरान मेजर सब्जेक्ट के साथ माइनर सब्जेक्ट ऑप्शनल थे। सैकड़ों छात्रों ने मेजर सब्जेक्ट मैथ, फिजिक्स चुने। क्योंकि माइनर सब्जेक्ट ऑप्शनल था तो ज्यादातर ने केमिस्ट्री की बजाय कंप्यूटर चुना।

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अब टीजीटी के लिए वही छात्र पात्र हैं जिन्होंने मैथ, फिजिक्स और केमिस्ट्री का कंबीनेशन लिया था। बाकी छात्रों को बाहर किया जा रहा है। छात्रों का आरोप है कि यदि विवि प्रशासन चाहता तो इस पर स्थिति स्पष्ट कर सकता था।

यदि छात्रों को पहले बताया जाता तो वे अपना सब्जेक्ट कंबीनेशन ठीक कर सकते थे। लेकिन ऐसा नहीं किया गया। अब सैकड़ों छात्र अधर में लटक गए हैं। बीएड में भी अब कॉलेज इन्हें अपने रिस्क पर दाखिला लेने को कह रहे हैं।

नहीं लगाई है कोई शर्त : प्रो. नैन सिंह
एचपी यूनिवर्सिटी में बीएड विभाग के चेयरमैन प्रो. नैन सिंह ने कहा कि सब्जेक्ट कंबीनेशन से जुड़ी शर्त कमीशन ने लगाई है। हमें हाईकोर्ट ने जो आदेश दिए थे, हम उसी के तहत छात्रों को बीएड करवा रहे हैं। सरकार ही इस पर कोई राहत दे सकती है। 
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