राज्य स्कूल शिक्षा बोर्ड की मैट्रिक और जमा दो की वार्षिक प्रैक्टिकल परीक्षाएं स्कूल में आंतरिक तौर पर होंगी। बोर्ड ने प्रैक्टिकल परीक्षाएं स्कूल के आंतरिक तौर पर करवाने का फैसला लिया है।
आवंटित परीक्षा केंद्रों में प्रैक्टिकल परीक्षा लेने के लिए परीक्षकों के कम संख्या में पहुंचने के मामले को ध्यान में रखते हुए बोर्ड ने यह फैसला लिया है। पदोन्नति स्कूल प्रवक्ता संघ की वीरवार को स्कूल शिक्षा बोर्ड अध्यक्ष डॉ सुरेश कुमार सोनी की अध्यक्षता में बैठक हुई।
इसमें स्कूल पदोन्नत प्रवक्ता संघ ने मांगपत्र रखा।संघ के प्रदेशाध्यक्ष रत्नेश्वर सलारिया ने बताया कि 23 मांगों का मांगपत्र बैठक में रखा था। इसमें शिक्षा के स्तर को बढ़ाने, छात्रों और अध्यापकों के हित की मांगे शामिल रहीं।
संघ के अध्यक्ष ने कहा कि पाठ्यक्रम और परीक्षाओं में बदलाव को लेकर बोर्ड ने अध्यापकों की कार्यशाला आयोजित करने का भी निर्णय लिया है। इसके अलावा वार्षिक परीक्षाओं में ड्यूटी देने वाले अध्यापकों का मानदेय बढ़ाने के साथ
धर्मशाला और शिमला में डेढ़ करोड़ रुपये से अध्यापक सदन बनाने का भी फैसला लिया गया है। बैठक में बोर्ड सचिव डॉ हरीश गज्जू, संघ के वित्त सचिव महेंद्र गुप्ता, महासचिव यशवीर जम्वाल और कांगड़ा जिला सचिव राजेंद्र कपूर आदि मौजूद रहे।