ऊना के हरोली में बन रहे बल्क ड्रग पार्क से सात किलोमीटर दूर पंजवाणा में सरकार पांच नए महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट शुरू करने जा रही है। यहां सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, एडवांस टेक्नोलॉजी टेस्टिंग लैब, एडमिन ब्लॉक, ट्रेनिंग सेंटर और इंक्यूबेशन सेंटर बनेंगे। इन परियोजनाओं के माध्यम से ड्रग पार्क में निवेश, कौशल विकास और गुणवत्ता परीक्षण जैसी सुविधाओं को एक ही परिसर में उपलब्ध कराया जाएगा।
इन सुविधाओं के विकसित होने से देश-विदेश की प्रमुख फार्मा कंपनियां निवेश के लिए आकर्षित होंगी और प्रदेश के युवाओं को बड़े पैमाने पर रोजगार व प्रशिक्षण मिलेगा। इसके लिए उद्योग विभाग 150 करोड़ के टेंडर आमंत्रित करने जा रहा है।
पार्क में विश्वस्तरीय आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी, जिससे दवा निर्माण कंपनियों को उत्पादन, परीक्षण और अनुसंधान की सभी सुविधाएं एक ही स्थान पर मिल सकें। सेंटर ऑफ एक्सीलेंस केंद्र दवा निर्माण से जुड़ी नई तकनीकों, अनुसंधान एवं नवाचार को बढ़ावा देगा। यहां उद्योगों और शिक्षण संस्थानों के बीच समन्वय स्थापित किया जाएगा। वहीं, एडवांस टेक्नोलॉजी टेस्टिंग लैब से अत्याधुनिक प्रयोगशाला में कच्चे माल, रसायनों और तैयार दवाओं की गुणवत्ता की वैज्ञानिक जांच की जाएगी।
ट्रेनिंग सेंटर में प्रदेश के युवाओं को फार्मास्यूटिकल उद्योग की जरूरतों के अनुरूप तकनीकी एवं औद्योगिक प्रशिक्षण दिया जाएगा। इंक्यूबेशन सेंटर स्टार्टअप और नए उद्यमियों को अपनी तकनीक विकसित करने, अनुसंधान करने तथा नए उत्पाद बाजार में उतारने के लिए तकनीकी और व्यावसायिक सहयोग मिलेगा।
इन सभी परियोजनाओं के शुरू होने से दवा उद्योग को नई गति मिलेगी, स्थानीय अर्थव्यवस्था मजबूत होगी। हजारों प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर सृजित होंगे। पंजवाणा में अन्य प्रोजेक्टों की प्रक्रिया को शुरू किया गया है। जल्द ही इसके लिए टेंडर आमंत्रित किए जाएंगे। -
हर्षवर्धन चौहान, उद्योग मंत्री, हिमाचल प्रदेश