बौद्ध धर्मगुरु दलाईलामा ने खिलाड़ियों से अपने विचार साझा करते हुए कहा कि आप सब पेशेवर खिलाड़ी हैं। खेल के मैदान पर आपके दिमाग में सैकड़ों विचार घूमते रहते हैं, जिससे कभी-कभी दिमाग और ध्यान भटक जाता है।
अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम धर्मशाला में बुधवार को होने वाले आईपीएल टी-20 मैच से एक दिन पहले मंगलवार सुबह पंजाब और दिल्ली की टीमों के खिलाड़ियों ने बौद्ध धर्मगुरु दलाईलामा से शांति का पाठ पढ़ा। हिमाचल प्रदेश किक्रेट एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने भी धर्मगुरु से मुलाकात की। बौद्ध धर्मगुरु दलाईलामा ने खिलाड़ियों से अपने विचार साझा करते हुए कहा कि आप सब पेशेवर खिलाड़ी हैं। खेल के मैदान पर आपके दिमाग में सैकड़ों विचार घूमते रहते हैं, जिससे कभी-कभी दिमाग और ध्यान भटक जाता है।
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बौद्ध तकनीक में मन और दिमाग पर नियंत्रण रखने का एक मात्र उपाय केवल योग है। योग से कोई भी व्यक्ति अपने मन और दिमाग को एकाग्रचित कर आंतरिक शांति पा सकता है। योग खिलाड़ियों को मानसिक और शारीरिक रूप से सहायता प्रदान करता है। इससे खिलाड़ी अपना ध्यान केंद्रित कर अपनी कमजोरियों का विश्लेषण करते हुए एक निष्कर्ष पर पहुंचकर कमियों को दूर कर सकता है। उन्होंने प्राचीन भारतीय विचारों पर कहा कि मेरा शरीर तिब्बती है, लेकिन मैंने बचपन से प्राचीन भारतीय विचारों का अध्ययन किया है। इसलिए हम मानसिक रूप से भारतीय विचारों और संस्कृति से जुड़े हैं।