मामला 18 फरवरी का है, जब थाना चिड़गांव में 112 नंबर हेल्पलाइन से सूचना मिली कि बडियारा पुल के पास पब्बर नदी (किलोचा नाला) में किसी अज्ञात व्यक्ति का शव लहूलुहान अवस्था में पड़ा है। मृतक के दोनों हाथ-पैर कपड़े से बंधे थे। सूचना मिलते ही पुलिस थाना चिड़गांव की टीम और डीएसपी रोहड़ू मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। लोगों से पूछताछ करने के बाद मृतक की पहचान राकेश प्रताप उर्फ सेती राम कामी निवासी डाकाडाम नेपाल के रूप में हुई। वह बडियारा में एक व्यक्ति के बगीचे में मजदूरी करता था। पुलिस ने इस संबंध में बीएनएस की धारा 103, 3(5) के तहत केस दर्ज किया और जांच शुरू की। एसएफएसएल जुन्गा के फोरेंसिक विशेषज्ञों और डॉग स्क्वॉयड ने मौके का निरीक्षण किया।
पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल पत्थर और खंजर को कब्जे में लिया। घटना स्थल के आसपास सभी सीसीटीवी फुटेज खंगाले और संदिग्ध व्यक्तियों के फोटो तैयार कर मीडिया के साथ जानकारी साझा की। स्थानीय लोगों से पता चला कि घटना वाले दिन मृतक को दो अज्ञात नेपाली मूल के व्यक्तियों के साथ घूमते देखा था। जांच के दौरान पूछताछ, डिजिटल साक्ष्यों के अवलोकन और खुफिया जानकारी एकत्रित करने पर पता चला कि दो संदिग्ध व्यक्ति 17 फरवरी को मृतक राकेश प्रताप उर्फ सेती राम को मिलने बडियारा आए थे। यहां उन्होंने राकेश के ढारे में दिन में शराब का सेवन किया और शाम करीब 7:00 बजे और शराब पीने की बात कहकर राकेश को पब्बर नदी के किनारे किलोचा नाला लेकर चले गए और फिर उसकी हत्या कर दी।
कहासुनी के बाद उतारा मौत के घाट
अभी तक की जांच में पता चला है कि किसी बात को लेकर कहासुनी के बाद उन्होंने तेजधार हथियार और पत्थरों से हमला करके राकेश प्रताप उर्फ सेती राम की निर्मम निर्मम हत्या की है। हत्या के बाद दोनों आरोपी फरार हो गए और अपने मोबाइल फोन स्विच ऑफ कर दिए। पुलिस ने सूचना के आधार पर दोनों आरोपियों को कुल्लू के कसोल से गिरफ्तार करने में कामयाबी हासिल की है। एसएसपी गौरव सिंह ने बताया कि पुलिस की टीमों ने बडियारा हत्याकांड को सुलझा लिया है, दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस आरोपियों से पूछताछ आधार पर जांच को आगे बढ़ा रही है।