मनाली से बेहद लगाव रखने वाले पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की दत्तक पुत्री नमिता भट्टाचार्य उन्हें प्रीणी में रहकर खूब याद कर रहीं हैं। अटल की मनाली से जुड़ी यादों को ताजा कर नमिता व परिजनों की आंखें नम हो रही हैं। वीरवार को अस्थि विसर्जन के बाद नमिता ने प्रीणी स्थित आवास में ही समय गुजारा।
वीरवार दोपहर सीएम जयराम ठाकुर भी प्रीणी स्थित उनके आवास पर पहुंचे और नमिता को ढांढस बंधाया। परिजनों ने सीएम के साथ भी अटल की पुरानी यादें साझा कीं। सीएम ने भी परिजनों के साथ विस्तार से बातचीत की। वहीं, स्थानीय ग्रामीण भी नमिता से मिलकर ढांढस बंधा रहे हैं।
पिछले करीब 12 वर्षों से अटल बिहारी वाजपेयी मनाली के प्रीणी में बनाए अपने घर में बीमारी के चलते नहीं आ सके थे। हालांकि, हर वर्ष नमिता उनकी मनाली की जुड़ी यादों को सहेजने के लिए यहां पहुंचती थीं।
लेकिन अब अटल के बिना इस घर में नमिता खुद को अकेला महसूस कर रही हैं। इधर, सीएम जयराम ठाकुर ने कहा कि मनाली में अटल की रूह बसती थी। मनाली में अटल के परिजनों ने वीरवार को खुद अस्थियां विसर्जित की हैं। भाजपा की तरफ से पहले ही पांच स्थानों में अस्थियां विसर्जित की गई हैं।