इसके बाद अब विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं। एक सैंपल हिमुडा के पंप हाउस का फेल हुआ है। रिपोर्ट में सैंपल फेल होने के बाद संबंधित स्थानों पर पेयजल सप्लाई पर रोकने के आदेश दे दिए हैं। विभाग को यहां की टंकियों और कूलरों को साफ करवाने के निर्देश दिए गए हैं। गौरतलब है कि परवाणू शहर में एक सप्ताह से लगातार डायरिया के मामले आ रहे हैं। अब तक यहां पर 450 के करीब मरीज आ चुके हैं, जिसमें ईएसआई अस्पताल में ही 300 मरीज पहुंच चुके हैं।
सोलन के सभी सैंपल पास
जलशक्ति विभाग ने बीते सप्ताह सोलन शहर के कथेड़, सलोगड़ा, ब्रूरी से पानी के 12 सैंपल भरे थे। यह सभी सैंपल पास हो गए हैं। इससे अब विभाग समेत आम लोगों राहत मिलेगी। सोलन में भी डायरिया के मामले आने से विभाग ने यह सैंपल लिए थे। हालांकि नगर निगम क्षेत्र से भरे गए तीन सैंपलों की रिपोर्ट आना अभी बाकी है।
क्या है कॉलिफॉर्म बैक्टीरिया
कॉलिफोर्म बैक्टीरिया एक जीवाणु होता है। यह जीवाणु प्रदूषित जल में पाया जाता है। प्रदूषित जल मनुष्य द्वारा पीने पर यह उसकी आंत में रहने लगता है। इससे कई प्रकार की बीमारियां पैदा होती हैं। बैक्टीरिया युक्त पानी के सेवन से दांत, हड्डियों, पेट, पाचन तंत्र, चमड़ी रोग, कैंसर, डायरिया और अन्य कई प्रकार की गंभीर बीमारियां हो सकती हैं।
दो सैंपल पाए गए फेल
परवाणू क्षेत्र से लिए गए पांच पानी के सैंपल की रिपोर्ट कंडाघाट सीटीएल से आ गई हैं। इसमें दो सैंपल फेल हो गए हैं। सैंपल फेल होने के बाद अब संबंधित टैंक से पानी की सप्लाई रोकने के निर्देश दिए गए हैं।-ईं भानू उदय, सहायक अभियंता जलशक्ति विभाग धर्मपुर