हिमाचल प्रदेश कांग्रेस के बागी नेताओं और पदाधिकारियों पर निगम चुनाव के बाद गाज गिर सकती है। प्रदेश कांग्रेस अनुशासन समिति सोलन और पालमपुर के बागी नेताओं को पार्टी से बाहर कर चुकी है। पार्टी को विश्वास में लिए बिना जिलों में कार्यक्रम चलाने वाले नेता भी निशाने पर हैं। अनुशासनहीनता के करीब दस मामले प्रदेश कांग्रेस अनुशासन समिति के पास लंबित पड़े हैं।
नगर निगम चुनाव के कारण ये मामले समिति ने फिलहाल ठंडे बस्ते में हैं। ये वही मामले हैं, जिनकी शिकायतें जिला या ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के माध्यम से अनुशासन समिति के पास पहुंची हैं। अभी तक अनुशासन समिति की एक ही बैठक हुई है। इसमें भी मामले लंबित रखे गए हैं ताकि नगर निगम चुनाव से पहले किसी भी प्रकार के विवाद से बचा जा सके। शिमला और मंडी के नेताओं के खिलाफ अनुशासनहीनता की शिकायतें सबसे ज्यादा हैं। निगम चुनाव के बाद अनुशासन समिति की बैठक बुलाकर इन नेताओं पर कार्रवाई की जा सकती है।