सुंदरनगर उपमंडल की पिछड़ी व दुर्गम ग्राम पंचायत जरल के जरल गांव में दो मंजिला स्लेटनुमा मकान व साथ लगती गोशाला आगजनी के कारण जलकर राख हो गए हैं। इस घटना के दौरान समय रहते घर के अंदर मौजूद दो बच्चों व एक बुजुर्ग महिला को बाहर निकाल दिया गया, अन्यथा जानमाल का बड़ा नुकसान हो सकता था। आगजनी की घटना में प्रभावित परिवार को लाखों का नुकसान हुआ बताया जा रहा है।
जानकारी के अनुसार निहरी तहसील के जरल गांव में रविवार सुबह डाबर राम पुत्र आदम राम के पारिवारिक सदस्य खेतों में काम पर गए थे, इसी दौरान पीछे से उनके घर में अचानक से आग लग गई। आगजनी बारे जब स्थानीय ग्रामीणों को पता लगा तो उन्होंने तुरंत मौके पर पहुंचकर घर के अंदर मौजूद दो बच्चों व एक बुजुर्ग महिला को सुरक्षित बाहर निकाला, लेकिन निचली मंजिल में बंधी 11 भेड़-बकरियों जिंदा ही जल गई। ग्रामीणों व दमकल विभाग की टीम ने आग काबू पाने का भरपूर प्रयास किया, लेकिन जब तक आग पर काबू पाया गया तब तक सब कुछ जलकर राख हो चुका था।
आगजनी की इस घटना में पीड़ित परिवार को लाखों का नुकसान हुआ बताया जा रहा है। आगजनी में घर के अंदर रखा सारा सामान जल गया है। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला जरल के एसएमसी प्रधान गोपाल शर्मा ने बताया प्रशासन व पुलिस को घटना बारे जानकारी दी गई है। सूचना मिलते ही दोनों टीम मौका पर नुकसान का आंकलन में जुट गई है। उन्होंने बताया मकान में परिवार के करीब 10 सदस्य रहते थे। उन्होंने प्रशासन से आग्रह किया है कि प्रभावित परिवार को हर संभव मदद की जाए।
उपमंडल अधिकारी (ना.) सुंदरनगर गिरीश समरा ने बताया आगजनी की घटना में प्रभावित को काफी नुकसान हुआ है। राजस्व विभाग की टीम मौके पर आगजनी से हुए नुकसान का आंकलन लग रही है। आगजनी में करीब 15 लाख का नुकसान हुआ पाया जा रहा है। फौरी सहायता के रूप में प्रभावित परिवार को 15 हजार रुपये व 2 तिरपाल प्रदान किये गए हैं।