तारादेवी में एक निजी कार की तलाशी के दौरान आबकारी एंव कराधान महकमे ने व्यापारी से कच्चे बिल पकड़े। दूसरे राज्यों से बिना बिल का सामान लाया था। कच्चे बिल की जांच करने पर पाया कि व्यापारी ने 4 लाख 18 हजार का इलेक्ट्रॉनिक का सामान बेचा है।
इस व्यापारी का कोई पंजीकरण भी नहीं है और न ही इसने टिन नंबर ले रखा है। आरोपी पर 1 लाख 15 हजार का जुर्माना लगाया गया। मौके पर ही व्यापारी ने जुर्माने का भुगतान भी कर दिया। ऊपरी शिमला में इन दिनों विभिन्न जगहों पर मेले चल रहे हैं।
इसी के चलते बाहरी राज्यों से अधिकांश व्यापारी बिना बिल के सामान ला रहे हैं। टैक्स चोरी के अंदेशे के चलते महकमे की ओर से विशेष चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में शुक्रवार को ईटीओ प्रीतपाल सिंह और इंस्पेक्टर कमल कुमार तारादेवी के पास नाका लगाए हुए थे।
चैकिंग के दौरान मिले बिल
सभी गाड़ियों की चेकिंग की जा रही थी। इसी बीच एक निजी कार से कच्चे बिलों की रसीद बुक मिली। जब उसे जांचा गया तो सब हैरत में पड़ गए। व्यापारी ने अलग अलग दुकानदारों को इलेक्ट्रॉनिक आइटमें बेच रखी थी। किसको कितने में बेचा यह पूरा विवरण उसमें मौजूद था।
इसके बारे में जब व्यापारी से पक्के बिल मांगे गए तो उसने माना कि उसने टैक्स चोरी की है। लिहाजा उसने जुर्माने के तौर पर टैक्स वसूल कर लिया गया। पुष्टि सहायक आबकारी एवं कराधान आयुक्त सतीश शर्मा ने की है।