नाहन (सिरमौर)। स्टेट विजिलेंस एंड एंटी क्र्रप्शन ब्यूरो की टीम ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। विजिलेंस की टीम ने डॉ. वाईएस परमार मेडिकल कॉलेज नाहन के एनेस्थिसियोलॉजी विभाग के एचओडी डॉ. गिरीश शर्मा को जिला सोलन के एक निजी अस्पताल में प्राइवेट प्रेक्टिस करते रंगे हाथों दबोचा है।
इस मामले में डॉ. गिरीश शर्मा को जमानत मिल गई है। विजिलेंस इस मामले में जांच के बाद चार्जशीट दाखिल करेगी। जानकारी के अनुसार विजिलेंस को काफी समय शिकायत मिल रही थी कि नाहन मेडिकल कॉलेज के डॉ. गिरीश शर्मा सोलन के एक निजी अस्पताल में सप्ताह में कुछ खास दिनों पर निजी प्रेक्टिस करते हैं।
बताया जा रहा है कि विजिलेंस ने इसे लेकर प्रोफेसर स्तर के एनेस्थेटिक से इलाज करवाने वाले कई रोगियों से भी बातचीत की। इसी बीच बीते दिन बुधवार को विजिलेंस को सूचना मिली थी कि मेडिकल कॉलेज से डॉ. गिरीश शर्मा छुट्टी पर हैं और वे सोलन में प्राइवेट प्रेक्टिस करते पाए जा सकते हैं। लिहाजा, विजिलेंस नाहन की टीम ने सोलन के निजी अस्पताल में दबिश दी और पाया कि संबंधित डॉक्टर द्वारा प्रेक्टिस की जा रही है। टीम ने तुरंत डॉक्टर को निजी अस्पताल में प्रेक्टिस करते हुए हिरासत में ले लिया। मामले की पुष्टि स्टेट विजिलेंस एंड एंटी करप्शन ब्यूरो की एसपी अंजुम आरा ने की है। उन्होंने बताया कि उक्त डॉक्टर के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है और जांच जारी है।