स्क्रब टायफस से मौतों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। आईजीएमसी में स्क्रब टायफस से नौवीं मौत हो गई। बीमारी से पीड़ित व्यक्ति का अस्पताल में तेरह सितंबर से इलाज चल रहा था। मरीज की गंभीर हालत को देखते हुए चिकित्सकों ने इसे आईसीयू में भर्ती किया था। लेकिन शनिवार सुबह पांच से छह बजे के करीब उसकी मौत हो गई। अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक डॉ. रमेश चंद ने इसकी पुष्टि की है।
स्क्रब टायफस से पीड़ित व्यक्ति चिड़गांव का रहने वाला बताया गया है। उसकी उम्र 59 साल थी। चिकित्सकों का कहना है कि व्यक्ति की हालत इस दौरान काफी गंभीर थी। उधर, अस्पताल में रोजाना बड़ी संख्या में मरीजों के स्क्रब टेस्ट किए जा रहे हैं, जिनमें से आठ से दस लोग पॉजिटिव आ रहे हैं।
अस्पताल में मौजूदा समय तक चार सौ से ज्यादा लोग टेस्ट के दौरान पॉजिटिव पाए गए। चिकित्सकों का कहना है कि इस तरह के ज्यादातर मामले शहरों के अलावा आसपास के क्षेत्रों से आ रहे हैं। ओपीडी में पहुंचे मरीजों को चिकित्सक इन दिनों घरों के आसपास खरपतवार न उगने की सलाह दे रहे है। हालांकि अभी स्क्रब की चपेट में आने वाले लोगों का आंकड़ा बढ़ता जा रहा है।
ये हैं लक्षण
-104 से 105 डिग्री तक बुखार आना
- कंपकपी और जोड़ों में दर्द होना
- शरीर में एंठन और अकड़न आना
- बाजू, हाथ और गर्दन में गिल्टियां आना
इस तरह करें बचाव
- घरों के आसपास सफाई रखें
- शरीर को साफ रखें तथा साफ कपड़े पहने
- खरपतवार न उगने दें, कीटनाशक दवाओं का करें छिड़काव
- जंगल और खेतों में काम के दौरान हाथ पैरों को ढककर रखें