शिमला। जोनल अस्पताल डीडीयू में महिला रोग ओपीडी में महिलाओं के रोग संबंधित टेस्ट फार्म नहीं भरे जा रहे हैं। महिलाओं को इन टेस्ट फार्म भरने के लिए 34 नंबर की ओर रुख करना पड़ रहा है। अस्पताल में इस तरह की व्यवस्था शुरू होने के कारण शहर सहित आसपास के इलाकों से इलाज के लिए पहुंच रही महिला मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। दूसरी ओर अस्पताल प्रबंधन की ओर से भी इसको लेकर कोई कदम नहीं उठाए गए हैं। अस्पताल के कमरा नंबर 34 में इन दिनों महिला मरीजों की फार्म भरने को लेकर काफी लंबी लाइनें लगी रहती हैं। महिला मरीजों के फार्म के अलावा जनरल मरीजों के दांतों के एक्सरे, स्पाइन, आर्थो सहित अल्ट्रासाउंड के फार्म यहां पर ही भरे जाते हैं। फार्म भरने के बाद ही मरीज टेस्ट की फीस जमा करवा पाते हैं। लेकिन, दूसरी ओर ओपीडी में फार्म न भर पाने के कारण इन महिला मरीजों को काफी देरी तक यहां खड़ा रहना पड़ता है। अगर बारह बज जाएं तो कोई भी टेस्ट की फीस वहां पर जमा नहीं की जाती है। इससे मरीजों को अगले दिन का इंतजार करने के सिवा सवाय कोई चारा नहीं बचता है। इस मामले पर अस्पताल की वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक डॉ. रंजना रॉव ने बताया कि ओपीडी में पहले जिन लोगों की ड्यूटी लगाई गई थी, वह सिक्योरिटी गार्ड हैं। उन्हें यहां से हटाया गया है। इनकी जगह विभाग की ओर से मिले कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। वह ही अब यह सारा काम करेंगे।
पहले यह था सिस्टम
ओपीडी में जिन लोगों की ड्यूटी लगाई गई थी, वह सिक्योरिटी का काम करते थे। ड्रेस कोड आने के बाद उन्हें वहां से बदल दिया गया है। ऐसे में एक्सरे, अल्ट्रासाउंड और महिला रोग संबंधित अन्य टेस्ट के फार्म नहीं भरे जा रहे हैं। इसके बाद से महिलाओं को अब 34 नंबर कमरे में जाकर यह फार्म भरवाने पड़ रहे हैं।
शुगर का टेस्ट करवाना है फार्म भर दो
गायनी पेशेंट आशा को शुगर और अल्ट्रासाउंड का फार्म भरना था। इस दौरान जब अल्ट्रासाउंड का फार्म स्टाफ कर्मी द्वारा भरा जाने लगा तो महिला ने स्टाफ से कह दिया कि आप पहले शुगर टेस्ट का फार्म भर दीजिए। पहले इसकी पेमेंट करवा लेती हूं। अगर पेमेंट नहीं करवाई गई तो यह टेस्ट मुझे वीरवार को करवाना पड़ेगा। इसके बाद कर्मी ने यह टेस्ट फार्म भरा और महिला नई बिल्डिंग की ओर चली गई। महिला ने अल्ट्रासाउंड के फार्म भरने के लिए साथ आए परिजन को वहां खड़ा किया।
शिमला की प्राक्षा भी गायनी ओपीडी में इलाज करवा चुकी थी। वह भी एक्सरे और अल्ट्रासाउंड का फार्म भरने के लिए आई थी। महिला लाइन में खड़े होकर फार्म भरने का इंतजार कर रही थी। इस बीच वहां खड़े एक व्यक्ति ने कहा कि मरीज के यह फार्म पहले ओपीडी में ही भरे जाते थे लेकिन अब ऐसा नहीं हो रहा है। मरीजों को यहां वहां भटकना पड़ रहा है।