अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के पर्यवेक्षक कैप्टन प्रवीण डावर ने हमीरपुर में पत्रकार वार्ता में पूर्व सैनिकों के वन रेंक, वन पेंशन मामले में पीएम मोदी पर झूठ बोलने के आरोप लगाए। कहा कि वह खुद भारतीय सेना में कैप्टन पद पर सेवाएं दे चुके हैं।
उन्होंने कहा कि यूपीए एक और यूपीए दो की केंद्र सरकार के समय ही पूर्व सैनिकों को 70 फीसदी ओआरओपी दिया गया था। वर्तमान में 100 फीसदी के बजाय 90 फीसदी ओआरओपी मिल रहा है। मोदी सरकार ने महज 20 फीसदी ओआरओपी ही दिलाया है।
पूर्व सैनिकों को ओआरओपी देने की मांग को सर्वप्रथम पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के समय सांसद रहे मेजर जनरल राजेंद्र सिंह स्पैरो ने उठाया था। भाजपा हर बार इस मामले को उठाने की बात करती है।
डावर ने कहा कि अगर केंद्र में कांग्रेस की सरकार आती है तो ओआरओपी की विसंगतियों को दूर किया जाएगा। सेना की तर्ज पर पैरा मिलिट्री जवानों को पेंशन, मेडिकल और सीएसडी कैंटीन सुविधा समेत अन्य वित्तीय लाभ दिए जाएंगे। हिमाचल रेजिमेंट के मामले को उठाया जाएगा।
पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार के समय ही छठे वेतन आयोग के कारण सैनिकों का वेतन ढाई से तीन गुणा बढ़ा था। आरएसएस ने तो देश में गुलामी के समय अंग्रेजों का साथ दिया था।
14 नवंबर को पूर्व प्रधानमंत्री पंडित जवार लाल नेहरू की जयंती को बाल दिवस के रूप में मनाया जाता रहा है, लेकिन भाजपा शासित राज्यों में इसे मनाना बंद कर दिया गया है। पूर्व विधायक कुलदीप पठानिया, जिला अध्यक्ष कांग्रेस नरेश ठाकुर, अजय शर्मा, अनिल वर्मा, नरेश लखनपाल और अंशुल शर्मा आदि मौजूद रहे।