हिमाचल प्रदेश की चार लोकसभा सीटों के लिए बुधवार को खूब वोट पड़े। प्रदेश भर में शाम छह बजे तक 65.35 फीसदी मतदान हुआ। इतना वोट देश की आजादी के बाद से लेकर आज तक किसी भी लोकसभा चुनाव में नहीं पड़े। ऊना, हमीरपुर और सिरमौर जिले में तो बंपर मतदान होने की खबर है।
मौसम ने भी खूब साथ दिया, जिससे पूरे दिन सभी जिलों में वोट प्रतिशत का ग्राफ बढ़ता रहा। सबसे कम वोट लाहौल स्पीति जिले में पड़ा है, जोकि पूरे साल बर्फ से ढका रहता है।
इसके साथ ही प्रदेश के 38 प्रत्याशियों का भाग्य देर शाम ईवीएम में कैद हो गया। विशेष यह रहा कि पूरे दिन मतदान शांतिपूर्वक रहा, किसी भी जिलों में विवाद नहीं हुआ। अब 16 मई को सबकी निगाहें चुनाव नतीजों पर टिका हुआ है।
1998 के लोकसभा चुनाव का रिकॉर्ड टूटा
प्रदेश में सुबह से ही मतदान के प्रति लोगों में जबर्दस्त उत्साह नजर आया। यह उत्साह शाम तक बना रहा। हिमाचल की बेहद विषम परिस्थितियां होने के बावजूद मतदाता घर से बाहर निकलकर मतदान बूथ पहुंचकर वोट किया। ऊना, हमीरपुर, सिरमौर, किन्नौर ऐसे जिले रहे, जहां सुबह से ही मतदान बूथों पर भीड़ लगी रही।
शाम छह बजे तक 65.35 फीसदी वोट पड़ा। राज्य की चार लोकसभा सीटों के लिए अब तक हुए चुनावों के सारे रिकार्ड टूट गए। 1998 के लोकसभा चुनाव में सबसे अधिक 65.32 फीसदी वोट पड़े थे।
इसके साथ ही पूर्व मुख्यमंत्री शांता कुमार, चंद्र कुमार, राजन सुशांत, अनुराग ठाकुर, प्रतिभा सिंह, वीरेंद्र कश्यप सहित 38 प्रत्याशियों का भाग्य ईवीएम में कैद हो गया।
हिमाचल में हर दो घंटे का वोटिंग ट्रेंड
समय-----------------------------प्रतिशत
सुबह नौ बजे---------------------16.43
सुबह 11 बजे---------------------31.66
दोपहर एक बजे------------------46.25
शाम तीन बजे-------------------55.35
शाम पांच बजे-------------------62.25
शाम छह बजे--------------------65.35
19 गांवों ने किया चुनाव का बहिष्कार
कुल्लू जिले के चार गांवों के लोगों ने चुनाव बहिष्कार किया। मंडी जिले के करसोग विस क्षेत्र में दो पोलिंग बूथों पर वोट डालने कोई नहीं पहुंचा।
चंबा की बड़ग्रां और जंदरोग पंचायत के लोगों ने वोट नहीं डाले।
कांगड़ा के गांव कलरू और हमीरपुर के गांव नाग लंबर के ग्रामीणों ने मतदान का बहिष्कार किया।
मतदान में हरोली टॉपर, करसोग फिसड्डी
लोकसभा चुनाव में 68 विधानसभा क्षेत्रों में ऊना का हरोली विधानसभा क्षेत्र मतदान में टॉपर रहा। यहां करीब 76 फीसदी मतदान हुआ है। यह उद्योग मंत्री मुकेश अग्निहोत्री का चुनाव क्षेत्र है।
सबसे कम मतदान मंडी के करसोग में है। यहां केवल 54 फीसदी से थोड़ा कम मतदान हुआ है।
जिलों में भी ऊना-सिरमौर में सबसे ज्यादा 71 फीसदी और शिमला में सबसे कम करीब 59 फीसदी मतदान हुआ।