हिमाचल प्रदेश की सभी 3226 ग्राम पंचायतों को जल्द कचरामुक्त कर दिया जाएगा। प्रदेश में स्वच्छता के क्षेत्र में बेहतर कार्य हुआ है। यही कारण है कि हिमाचल को खुला शौचमुक्त घोषित किया गया है।
यह बात धर्मशाला कॉलेज के ऑडिटोरियम में आयोजित पंचायत प्रतिनिधि सम्मेलन के दौरान पंचायतीराज मंत्री वीरेंद्र कंवर ने कही। उन्होंने कहा कि पंचायतीराज विभाग ज्यादा और बेहतर काम करता है, लेकिन वह नजर नहीं आता।
अब विभाग गुणवत्ता में सुधार लाने पर भी विशेष ध्यान दे रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने गरीब शब्द का सहारा तो लिया, लेकिन कभी गरीबों के हितों के बारे में नहीं सोचा।
यही कारण है कि कांग्रेस सरकार आज दिन तक प्रदेश में गरीबों के उत्थान के लिए कोई योजना ही शुरू नहीं कर पाई। उन्होंने कहा कि प्रदेश में बीपीएल में ऐसे पात्र लोगों को शामिल किया जाएगा, जो सही मायने में गरीब होंगे।
साथ ही ऐसे लोगों को भी लाभ पहुंचाया जाएगा, जो बीपीएल में तो नहीं हैं, लेकिन उसमें आने के सक्षम हैं। ऐसे लोगों के लिए प्रदेश सरकार ने कई योजनाएं शुरू की हैं। इस दौरान उन्होंने विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी भी दी।