फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अवैध निर्माण कर बढ़ाई दुकानों का पांच गुना होगा किराया

विज्ञापन
विज्ञापन

अमर उजाला ब्यूरो

विज्ञापन

शिमला। नगर निगम से मिली दुकानों में अवैध निर्माण कर इसका आकार बढ़ाने वाले दुकानदारों से अब नई दरों का भी पांच गुना ज्यादा किराया वसूला जाएगा। शहर में ऐसे 39 दुकानदारों को नोटिस जारी किए हैं जिन्होंने अवैध निर्माण कर रखा है। नगर निगम के अनुसार यह सभी दुकानें लोअर बाजार, सब्जी मंडी और गंज बाजार में चल रही हैं। इन दुकानदारों ने गुुपचुप अवैध निर्माण और अतिक्रमण कर दुकानों का आकार बढ़ा दिया है। दुकान बड़ी होने के बावजूद यह नगर निगम को पहले से तय दरों के अनुसार ही किराया दे रहे थे।

उधर किराया बढ़ोतरी और अवैध निर्माण कर चुके दुकानदारों से पांच गुना ज्यादा किराया वसूलने को लेकर सदन से पारित किया प्रस्ताव अब सरकार को भेजा जा रहा है। सरकार की मंजूरी मिलते ही नगर निगम वसूली शुरू कर देगा। इस प्रस्ताव के अनुसार गंज में नई दरों का पांच गुना यानि 90 रुपये प्रतिवर्ग फीट की दर से किराया वसूला जाएगा। इसी तरह लोअर बाजार में 150 रुपये प्रतिवर्ग फीट की दर से किराया वसूला जाएगा। सदन में सभी पार्षदों ने अवैध निर्माण करने वाले दुकानदारों से पांच गुना ज्यादा किराया वसूलने को मंजूरी दी थी।
विज्ञापन


मंत्री के दरबार पहुंचे कारोबारी
शहर के दर्जनों कारोबारी व्यापारमंडल के पदाधिकारियों के साथ मिलकर शनिवार को शिक्षा मंत्री एवं स्थानीय विधायक सुरेश भारद्वाज से मिलने पहुंचे। इन्होंने किराया बढ़ोतरी के फैसले को गलत बताया और कहा कि निगम को इस फैसले पर फिर विचार करना चाहिए। व्यापार मंडल अध्यक्ष इंद्रजीत सिंह ने मांग की कि मंत्री उनका मामला मुख्यमंत्री के समक्ष उठाए ताकि कारोबारियों को राहत दिलाई जा सके। शिक्षा मंत्री ने आश्वासन दिया कि सरकार इस मामले पर विचार करेगी। गौरतलब है कि 24 दिसंबर को नगर निगम के फैसले के बाद से कारोबारी नेताओं और मंत्रियों के चक्कर काट रहे हैं।
विज्ञापन


किराये में उलझी कांग्रेस, नेता कर रहे विरोध, पार्षद समर्थन
किराया बढ़ोतरी के फैसले पर कांग्रेस भी उलझ गई है। एक ओर नगर निगम में कांग्रेसी पार्षद किराया बढ़ोतरी के फैसले को सही ठहरा रहे हैं तो दूसरी ओर पार्टी के दिग्गज नेता इसका विरोध कर रहे हैं। पार्षद राकेश चौहान ने कहा कि कोर्ट के आदेशों के बाद निगम ने सही दरों पर किराया बढ़ाया है। इसमें कुछ गलत नहीं है। उधर, एक दिन पहले ही शुक्रवार को पार्टी अध्यक्ष ने किराया में भारी बढ़ोतरी करने के निगम के फैसले पर सवाल उठाए थे।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें