शिमला के लोगों को भी अब चंडीगढ़ और दिल्ली की तर्ज पर पीवीसी कार्ड वाली आरसी और ड्राइविंग लाइसेंस मिलेंगे। लोग एटीएम कार्ड की तरह आरसी और डीएल आसानी से अपने पर्स में रख सकेंगे। आरटीओ आफिस में पॉली कार्बोनेट रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट और ड्राइविंग लाइसेंस तैयार करने की मशीन स्थापित कर दी है। आरटीओ आफिस से अब सभी नए आरसी और डीएल प्लास्टिक कार्ड जारी किए जाएंगे।
प्लास्टिक कार्ड वाली आरसी में क्यूआर कोड की सुविधा दी है। मोबाइल के जरिये भी क्यूआर कोड को स्कैन कर धारक का पूरा रिकार्ड जांचा जा सकेगा। अब तक आरटीओ ऑफिस सहित शहर के तीनों आरएलए कागज पर लेमिनेशन कर ही आरसी और डीएल जारी कर रहे थे। लेमिनेशन उखड़ने और पानी के संपर्क में आने से अक्सर इनके खराब होने का खतरा रहता था, लेकिन नई तकनीक से अब इस समस्या का समाधान हो गया है।
पीवीसी आरसी और डीएल जारी करने शुरू : अत्री
आरटीओ ऑफिस में प्लास्टिक कार्ड वाली आरसी और ड्राइविंग लाइसेंस जारी करने के लिए मशीन स्थापित कर दी गई है। सभी नई आरसी और डीएल पीवीसी कार्ड पर भी जारी किए जा रहे हैं। पुरानी आरसी और डीएल को भी लोग निर्धारित फीस चुका कर पीवीसी कार्ड में तब्दील करवा सकते हैं।
- भूपेंद्र अत्री क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी, शिमला
305 रुपये डीएल, 375 आरसी की फीस
आप अगर अपना साधारण आरसी और डीएल प्लास्टिक कार्ड में तब्दील करवाना चाहते हैं तो आपको डुप्लीकेट पीवीसी आरसी या डीएल के लिए आरटीओ कार्यालय में आवेदन करना होगा। आपकी पुरानी आरसी और डीएल आरटीओ आफिस में जमा कर आपको पीवीसी कार्ड वाली आरसी या डीएल जारी कर दिया जाएगा। डुप्लीकेट पीवीसी डीएल 305 और डुप्लीकेट पीवीसी आरसी 375 रुपये में जारी की जाएगी। हालांकि नए डीएल और आरसी बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के पीवीसी में ही जारी होंगे।
लाइसेंस पर यह होगी जानकारी
- लाइसेंस का प्रकार
- लाइसेंस जारी होने की डेट
- वाहन का प्रकार और मॉडल नंबर
- कार्ड के पीछे लाइसेंस की वैद्यता
- इमरजेंसी मोबाइल नंबर
रजिस्ट्रेशन कार्ड के पिछली तरफ होगा क्यूआर कोड
रजिस्ट्रेशन कार्ड में वाहन का रजिस्ट्रेशन नंबर, डेट और वैद्यता, चैसी नंबर, इंजन नंबर, मालिक का नाम, पिता का नाम और एड्रेस सहित अन्य जानकारी कार्ड के सामने होगी। पीछे की तरफ गाड़ी का मॉडल, निर्माता, रंग और बॉडी का विवरण होगा। इसके अलाव क्यूआर कोड होगा जिसमें गाड़ी की लंबाई, चौड़ाई, ऊंचाई सहित अन्य जानकारी दर्ज होगी।